मऊ। वाराणसी-भटनी रेलमार्ग पर आठ दिन बाद ट्रेनें मऊ जंक्शन से होकर गुजरीं। गोरखपुर में तीसरी लाइन और इंटरलॉकिंग कार्य होने के कारण कुछ ट्रेनों का रूट डायवर्ट किया गया था वहीं कुछ ट्रेनें निरस्त थीं।
गोरखपुर-डोमिनगढ़ रेलवे स्टेशन के बीच तीसरी लाइन और गोरखपुर-नकहा जंगल स्टेशन के बीच दोहरीकरण के लिए प्री इंटरलॉकिंग, इंटरलॉकिंग का कार्य पूरा हो चुका है। 22 सितंबर को प्री इंटरलॉकिंग और 23 से 26 सितंबर तक रेलवे के उच्चाधिकारियों ने नई लाइन का निरीक्षण किया। इस बीच 21 सितंबर से 8 ट्रेनों का संचालन निरस्त कर दिया गया। 9 ट्रेनों का रूट डायवर्ट कर दिया। नवरात्र के पहले दिन से प्रमुख ट्रेनों के नहीं चलने से गोरखपुर के साथ बेल्थरारोड, किड़िहिरापुर, भटनी, देवरिया आने जाने वालों की परेशानी बढ़ गई थी। अब फिर से गोरखपुर और आसपास के इलाकों में आने-जाने वाले लोगों को सहूलियत मिलेगी। किसी तरह लोग रोडवेज बस गोरखपुर आते-जाते थे। चौरी चौरा एक्सप्रेस (15003/15004), काशी एक्सप्रेस (15017/15018), पूर्वांचल एक्सप्रेस (15049/15050), वाराणसी सिटी-गोरखपुर-वाराणसी सिटी एक्सप्रेस (15131/15132), दुर्ग-नौतनवा-दुर्ग एक्सप्रेस (18201/18202), आजमगढ़ से मुंबई आने जाने वाली (20103/20104), बनारस-गोरखपुर-बनारस इंटरसिटी एक्सप्रेस (15103/15104), गोरखपुर-अहमदाबाद-गोरखपुर एक्सप्रेस (19489/19490) सहित अन्य ट्रेनों का संचालन निर्धारित रूट और समय पर शुरू हो गया है।