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Mau News: नाबालिग को भगाने के मामले में तीन-तीन वर्ष की सजा
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मऊ। विशेष न्यायाधीश पाक्सो एक्ट राजवीर सिंह ने नाबालिग को बहला फुसलाकर ले जाने के मामले में नामजद तीन आरोपियों को दोषी पाया। तीनों को तीन-तीन वर्ष कठोर कारावास की सजा सुनाई। 10-10 हजार रुपये अर्थदंड लगाया। अर्थदंड न देने पर 1-1 माह का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा। मामला मधुबन थाना क्षेत्र का है।
अभियोजन के अनुसार, पुलिस ने तहरीर के आधार पर केस दर्ज कर मधुबन थाना क्षेत्र के रामदयाल और गिरीश तथा बलिया जनपद के रसडा कोतवाली क्षेत्र के संवरा गांव निवासी सूरज के विरुद्ध आरोप पत्र कोर्ट में पेश किया। कोर्ट में अभियोजन की ओर से पैरवी करते हुए विशेष लोक अभियोजक विमल कुमार श्रीवास्तव, प्रवीण कुमार मिश्रा और रामचंद्र चौहान ने कुल 5 गवाहों को पेशकर पक्ष रखा।
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विशेष न्यायाधीश ने दोनों पक्षों के तर्कों को सुनने तथा पत्रावली पर उपलब्ध साक्ष्यों का अवलोकन करने के बाद आरोपीगण सूरज, रामदयाल और गिरीश को दोषी पाया। दोषी पाए जाने के बाद तीनों को तीन-तीन वर्ष के कठोर कारावास की सजा के साथही 10-10 हजार रुपये अर्थदंड निर्धारित किया। अर्थदंड न देने पर 1-1 माह का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा। आरोपियों को पाक्सो एक्ट और शादी के आशय से भगाने के मामले में दोषमुक्त कर दिया।
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