दुबारी। क्षेत्र के बिंदटोलिया गांव के 10 कटानपीड़ित आठ माह से प्राथमिक विद्यालय में शरण लिए हुए हैं। जिला प्रशासन की तरफ से कटानपीड़ितों को 30 किमी दूर कलाफनपुर गांव में जमीन का आवंटन किया गया है। लेकिन कटानपीड़ित जाने को तैयार नहीं हो रहे हैं। नजदीक जमीन आवंटन के लिए जिलाधिकारी को पत्र भेजकर न्याय की गुहार लगाई है। गत वर्ष सरयू नदी ने बिंदटोलिया गांव में कहर बरपाया था। इससे गांव के 10 लोग बेघर हो गए थे। प्रशासन की तरफ से 10 कटानपीड़ितों के लिए कलाफनपुर गांव में जमीन का आवंटन किया गया। लेकिन कटानपीड़ित जाने से इंकार कर रहे हैं। वह आठ माह से प्राथमिक विद्यालय में अपना आशियाना बनाए हुए हैं। विधानसभा चुनाव में विद्यालय को मतदान केंद्र बनाया गया है। इसके चलते कटानपीड़ितों को विद्यालय खाली करने के लिए कहा जा रहा है। कटानपीड़ित गोरख, वीरेंद्र, चंदा, सुनीता, गीता सोनी, महेंद्र, लालजी, प्रभाती देवी, चंद्रशेखर, ममता का कहना है कि सभी खेती बिंटोलिया गांव में है तो 30 किमी दूर घर बनाकर कैसे खेती कर पाएंगे। तहसीलदार मधुबन आनंद कन्नौजिया ने बताया कि कलाफनपुर में आवंटित जमीन लेना पड़ेगा।