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गरीबों के इलाज में कोताही बर्दाश्त नहीं होगी : मांझी
ब्यूरो, अमर उजाला, मऊ
Updated Sun, 12 Jul 2015 11:03 PM IST
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समाजवादी पार्टी की सरकार गरीबों के इलाज और मुफ्त दवा को लेकर गंभीर है। सरकारी अस्पतालों में नित्य सुधार किया जा रहा है। चिकित्सकों की कमी जरूर है जिससे दिक्कतें आ रही हैं, लेकिन जल्द यह कमी भी दूर कर दी जाएगी। गरीबों के इलाज में किसी भी प्रकार की कोताही नहीं होनी चाहिए। लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। यदि किसी को कोई शिकायत है तो वो सीधे दर्ज करा सकते हैं।
यह जानकारी चिकित्सा एवं स्वास्थ्य राज्य मंत्री शंखलाल मांझी ने दी। वह रविवार को पीडब्लूडी डाक बंगले में मीडिया से बात कर रहे थे। उन्होंने कहा कि सरकारी अस्पतालों में किसी भी प्रकार की शिकायत मिले तो सीधे दर्ज कराएं क्योंकि सरकार गरीबों के मुफ्त इलाज के लिए हर प्रकार के कदम उठा रही है।
करोड़ों रुपये खर्च कर सरकार ने मरीजों को अस्पताल पहुंचाने का इंतजाम किया है, इसके बाद भी यदि किसी को सरकारी एंबुलेंस की कोई शिकायत है तो उसके खिलाफ भी आवाज बुलंद की जा सकती है।
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एक सवाल के जवाब में उन्होंने कहा कि पूर्ववर्ती सरकार में दवा की खरीद केंद्रीय सरकार के हाथों में थी। करोड़ों की दवाएं एक ही सेंटर से भारी कमीशनखोरी के चलते खरीदी जा रही थीं पर सपा सरकार ने इन दवाओं को सस्ते मूल्य पर खरीद करके अधिक से अधिक गरीबों तक दवाएं पहुंचाने का संकल्प लिया है। यही सब वजह है कि प्रदेश में स्वास्थ्य सेवाएं धीरे-धीरे पटरी पर आ रही हैं।
भारतीय मछुवा महासंघ के तत्वावधान में होने वाले कार्यक्रम के बारे में पूछे गए एक सवाल के जवाब में उन्होंने बताया कि प्रदेश के मछुआ समुदाय के लाखों लोगों को एकजुट कर दिल्ली के जंतर मंतर पर केंद्र सरकार के विरुद्ध 29 जुलाई को धरना प्रदर्शन किया जाएगा।
उन्होंने कहा कि सपा सरकार ने पूर्व में मछुआ समाज को अनुसुचित जाति में शामिल किया था, लेकिन बाद में बसपा की सरकार ने सत्ता में आते ही केंद्र सरकार को संस्तुति भेज निरस्त करा दिया। 2012 में पुन: सपा की सरकार बनने पर केंद्र सरकार को प्रस्ताव भेजा गया, मगर इस बार कोई पहल नहीं हुई।
उन्होंने बताया कि पिछड़े मछुवा समाज के लोगों को न्याय दिलाने के लिए यह आंदोलन किया जा रहा है। इस अवसर पर जिलाध्यक्ष धर्मप्रकाश यादव, कुद्दुस अंसारी, रामधनी चौहान, संजय पांडेय, संजय चौधरी, नन्हकू राजभर आदि मौजूद रहे।
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यह जानकारी चिकित्सा एवं स्वास्थ्य राज्य मंत्री शंखलाल मांझी ने दी। वह रविवार को पीडब्लूडी डाक बंगले में मीडिया से बात कर रहे थे। उन्होंने कहा कि सरकारी अस्पतालों में किसी भी प्रकार की शिकायत मिले तो सीधे दर्ज कराएं क्योंकि सरकार गरीबों के मुफ्त इलाज के लिए हर प्रकार के कदम उठा रही है।
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करोड़ों रुपये खर्च कर सरकार ने मरीजों को अस्पताल पहुंचाने का इंतजाम किया है, इसके बाद भी यदि किसी को सरकारी एंबुलेंस की कोई शिकायत है तो उसके खिलाफ भी आवाज बुलंद की जा सकती है।
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एक सवाल के जवाब में उन्होंने कहा कि पूर्ववर्ती सरकार में दवा की खरीद केंद्रीय सरकार के हाथों में थी। करोड़ों की दवाएं एक ही सेंटर से भारी कमीशनखोरी के चलते खरीदी जा रही थीं पर सपा सरकार ने इन दवाओं को सस्ते मूल्य पर खरीद करके अधिक से अधिक गरीबों तक दवाएं पहुंचाने का संकल्प लिया है। यही सब वजह है कि प्रदेश में स्वास्थ्य सेवाएं धीरे-धीरे पटरी पर आ रही हैं।
भारतीय मछुवा महासंघ के तत्वावधान में होने वाले कार्यक्रम के बारे में पूछे गए एक सवाल के जवाब में उन्होंने बताया कि प्रदेश के मछुआ समुदाय के लाखों लोगों को एकजुट कर दिल्ली के जंतर मंतर पर केंद्र सरकार के विरुद्ध 29 जुलाई को धरना प्रदर्शन किया जाएगा।
उन्होंने कहा कि सपा सरकार ने पूर्व में मछुआ समाज को अनुसुचित जाति में शामिल किया था, लेकिन बाद में बसपा की सरकार ने सत्ता में आते ही केंद्र सरकार को संस्तुति भेज निरस्त करा दिया। 2012 में पुन: सपा की सरकार बनने पर केंद्र सरकार को प्रस्ताव भेजा गया, मगर इस बार कोई पहल नहीं हुई।
उन्होंने बताया कि पिछड़े मछुवा समाज के लोगों को न्याय दिलाने के लिए यह आंदोलन किया जा रहा है। इस अवसर पर जिलाध्यक्ष धर्मप्रकाश यादव, कुद्दुस अंसारी, रामधनी चौहान, संजय पांडेय, संजय चौधरी, नन्हकू राजभर आदि मौजूद रहे।