मऊ। जिले के ग्रामीण क्षेत्रों में सोमवार को भी घरों के गिरने का सिलसिला जारी रहा।घोसी मधुबन और तहसील क्षेत्रके कई गांवों में आठ लोगों के मकान गिर गए। इससे लाखों के गृहस्थी के सामान नष्ट हो गए। घोसी तहसील के गोड़सरा गांव में एक मकान गिरने से एक और एक भैंस मलवे में दबकर मर गई। मधुबन तहसील के पटियवा पुरवे में कच्ची दीवार गिरने से एक 28 वर्षीया महिला गंभीर रूप से घायल हो गई।सदर तहसील के सलाहाबाद गांव निवासी बाबू लाल, मुन्ना, महेश और राजेश के कच्चे मकान गिर गए। घरों में सो रहे लोगों ने तो भाग कर जान बचली लेकिन इनकी सारी गृहस्थी नष्ट हो गई। मधुबन : थाना क्षेत्र के ढिलई फ़िरोजपुर के पटियवा मजरे में रविवार की देर शाम जर्जर मिट्टी कि कच्ची दीवार गिरने से एक महिला गंभीर रूप से घायल हो गई। उसे सीएचसी फतहपुर मंडाव में भर्ती कराया गया। परिवार वालों के अनुसार सोनी 28 पत्नी चंदन देर शाम भोजन करने के उपरांत आंगन में लगे हैंड पंप पर बर्तन साफ कर रही थी कि अचानक मिट्टी की दीवार गिर पड़ी जिसमें दब कर वह गंभीर रूप से घायल हो गई। पांच दिनों से बारिश के कहर से पांती गांव में धर्मेन्द्र पुत्र वंश बहादुर,संतोष मल्ल पुत्र मेवालाल, प्रवीन्द मल्ल पुत्र हरि वंश मल्ल, ओमप्रकाश पुत्र मुन्नर, कन्हैया पुत्र मुन्नर, बिजली पुत्र शिव कुमार, पप्पू मल्ल पुत्र अमर मल्ल के मकान गिर गए। सूचना देने के बाद भी तहसील प्रशासन के मौके पर नहीं पहुंचने के कारण पीड़ितों ने आक्रोश व्यक्त किया। इस सम्बन्ध में एसडीएम लालबाबू दुबे ने कहा कि तहसीलदार सहित राजस्व निरीक्षक को निर्देशित किया गया है। घोंसी : गोडसरा गाव निवासी सुवाष शर्मा का घर रविवार की रात में गिर गया। उसके मलवे में दबकर एक गाय और एक भैंस मर गई। नथनपुुुरा गांव निवासी धनपत राजभर, पुत्र उदई , रामाश्रय पुत्र हरदेव , लाला पुत्र इमिरित और लालू पुत्र शिवमंगल के घर रविवार की रात में गिर गए। उधर बरुहा गांव में नगीना और रोहित के घर गिर गए।