{"_id":"57bde3f84f1c1bf64ad4f4ba","slug":"lekpalon-strike-work-stalled","type":"story","status":"publish","title_hn":"लेखपालों की हड़ताल, काम ठप","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
लेखपालों की हड़ताल, काम ठप
ब्यूरो, अमर उजाला, मऊ
Updated Wed, 24 Aug 2016 11:44 PM IST
विज्ञापन
हड़ताल पर लेखपाल
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
छह सूत्रीय मांगों को लेकर जिले के लेखपालों की हड़ताल बुधवार को दूसरे दिन भी जारी रही। सात दिवसीय कार्य बहिष्कार कर लेखपाल पूर्ण हड़ताल पर हैं। हड़ताल के दौरान लेखपालों ने सभी तरह के कार्यों का बहिष्कार किया। कलेक्ट्रेट पर आयोजित विरोध सभा में लेखपालों ने सरकार पर वादा खिलाफी का आरोप लगाया। चेताया कि यदि उनकी मांगों से संबंधित शासनादेश नहीं जारी किया गया आंदोलन को निर्णायक परिणाम तक ले जाया जाएगा।
कलेक्ट्रेट पर हुए विरोध प्रदर्शन के दौरान उत्तर प्रदेश लेखपाल संघ के जिलाध्यक्ष पारसनाथ पासी ने एसीपी विसंगति , पदनाम , राजस्व निरीक्षक शैक्षिक योग्यता स्नातक करने, वेतनमान 5200- 20 000 और ग्रेड पे 2800 करने की मांग को लंबित रखने को सरकार का कर्मचारी विरोधी कृत्य बताया।
कहा कि सरकार को लेखपाल संवर्ग का काडर पूर्व की नीति जनपद स्तरीय करते स्थानांतरण नीति में संशोधन करने ,पांच लेखपालों पर एक राजस्व निरीक्षक की तैनाती और राजस्व परिषद के द्यारा चार अप्रैल 2016 को जारी राजस्व निरीक्षक के 626 पदों का सृजन करने तथा लेखपालों को लैपटाप देने की मांगों कोस्वीकर करते हुए सरकार को शासनादेश जारी करना चाहिए।
विज्ञापन
विज्ञापन
कलेक्ट्रेट पर हुए विरोध प्रदर्शन के दौरान उत्तर प्रदेश लेखपाल संघ के जिलाध्यक्ष पारसनाथ पासी ने एसीपी विसंगति , पदनाम , राजस्व निरीक्षक शैक्षिक योग्यता स्नातक करने, वेतनमान 5200- 20 000 और ग्रेड पे 2800 करने की मांग को लंबित रखने को सरकार का कर्मचारी विरोधी कृत्य बताया।
विज्ञापन
कहा कि सरकार को लेखपाल संवर्ग का काडर पूर्व की नीति जनपद स्तरीय करते स्थानांतरण नीति में संशोधन करने ,पांच लेखपालों पर एक राजस्व निरीक्षक की तैनाती और राजस्व परिषद के द्यारा चार अप्रैल 2016 को जारी राजस्व निरीक्षक के 626 पदों का सृजन करने तथा लेखपालों को लैपटाप देने की मांगों कोस्वीकर करते हुए सरकार को शासनादेश जारी करना चाहिए।
विज्ञापन