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बाजे संग निकाली कलश यात्रा
ब्यूरो, अमर उजाला, मऊ
Updated Wed, 14 Oct 2015 10:48 PM IST
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ब्लाक मुख्यालय स्थित वैष्णो मंदिर परिसर में आयोजित सात दिवसीय
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श्रीमद्भागवत कथा के क्रम में श्रद्धालुओं ने बुधवार को गाजे बाजे के साथ
कलश यात्रा निकाली।
कलश यात्रा में शामिल श्रद्धालुओं के जयकारे से वातावरण गुंजायमान हो गया।
कलश यात्रा में पीले वस्त्र धारण की हुई कुंवारी कन्याएं व महिलाएं सिर पर कलश धारण किए हुए मंगलगीत गाते हुए चल रही थीं।
वृंदावन से पधारे श्याम उपाध्याय जी महराज के नेतृत्व में वैष्णो मंदिर से निकले कलश यात्रा में श्रद्धालुओं का हुजूम रतनपुरा बाजार सहित विभिन्न इलाकों का भ्रमण करते हुए रतनपुरा-बलिया मार्ग स्थित महाराज की कुटी पहुंचा। वहां से वैदिक मंत्रोच्चारण के बीच कलश में जल भरा गया।
विधि विधान से कलश में जल भरने के बाद जुलूस यज्ञ स्थल पहुंचा। इस मौके पर श्यामजी महाराज ने कहा कि यज्ञ में भावभरी आहुतियां देने से एक तरफ जहां व्यक्ति की मनोकामना पूर्ण होती है। वहीं दूसरी तरफ समाज में आपसी सौहार्द व भाईचारा की भावना का विकास होता है।
इसमें मंदिर पुजारी मीरा देवी, लवकुश गुप्ता, रामायन गुप्ता, प्रह्लाद प्रसाद, सोनू गुप्ता सहित तमाम लोगों का योगदान रहा।
कलश यात्रा में शामिल श्रद्धालुओं के जयकारे से वातावरण गुंजायमान हो गया।
कलश यात्रा में पीले वस्त्र धारण की हुई कुंवारी कन्याएं व महिलाएं सिर पर कलश धारण किए हुए मंगलगीत गाते हुए चल रही थीं।
वृंदावन से पधारे श्याम उपाध्याय जी महराज के नेतृत्व में वैष्णो मंदिर से निकले कलश यात्रा में श्रद्धालुओं का हुजूम रतनपुरा बाजार सहित विभिन्न इलाकों का भ्रमण करते हुए रतनपुरा-बलिया मार्ग स्थित महाराज की कुटी पहुंचा। वहां से वैदिक मंत्रोच्चारण के बीच कलश में जल भरा गया।
विधि विधान से कलश में जल भरने के बाद जुलूस यज्ञ स्थल पहुंचा। इस मौके पर श्यामजी महाराज ने कहा कि यज्ञ में भावभरी आहुतियां देने से एक तरफ जहां व्यक्ति की मनोकामना पूर्ण होती है। वहीं दूसरी तरफ समाज में आपसी सौहार्द व भाईचारा की भावना का विकास होता है।
इसमें मंदिर पुजारी मीरा देवी, लवकुश गुप्ता, रामायन गुप्ता, प्रह्लाद प्रसाद, सोनू गुप्ता सहित तमाम लोगों का योगदान रहा।