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Mau News: गैर इरादतन हत्या के प्रयास के पांच आरोपियों को चार चार साल की कैद
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मऊ। जिला एवं सत्र न्यायाधीश रामेश्वर ने दस साल पूर्व सरायलखंसी थाना क्षेत्र के चोरपा खुर्द में मकान का वारजा निकालने के विवाद को लेकर गैर इरादतन हत्या के प्रयास के मामले में दोषियों को सजा सुनाई। वहीं एक अन्य आरोपी मंगला मौर्य को अवयस्क होने के कारण उसका मामला बाल न्यायालय को विचारण हेतु भेजा जा चुका है। न्यायाधीश ने गैर इरादतन हत्या के प्रयास के आरोप में दोष सिद्ध उक्त पांचों आरोपियों को 4-4 साल के कारावास व एक-एक हजार रुपये जुर्माना तथा जुर्माना न देने पर 15 दिन के अतिरिक्त कारावास की सजा सुनाई।
मामले की तहरीर सरायलखंसी थाना क्षेत्र के चोरपा खुर्द गांव निवासी मुकदमा वादी दुर्ग विजय मौर्य ने दर्ज कराई थी। वादी के अनुसार 11 जून 2013 को मकान का बारजा निकालने को लेकर इसी गांव के राम प्यारे मौर्य, राम रतन मौर्य, रामनेत,राम दरश मौर्य,कमला मौर्य, मंगला मौर्य ने वादी व उसके परिवार के सुमन मौर्य सहित आधा दर्जन से ज्यादा लोगों को घर में घुसकर मारापीटा। चोटिल सुमन को प्राण घातक चोट आई तथा वादी का हाथ टूट गया।
मामले में एडीजीसी राणा प्रताप सिंह व धीरेंद्र प्रताप सिंह ने कुल दस गवाहों को अदालत में पेश किया। न्यायाधीश ने तर्कों पर विस्तृत व्याख्या के उपरांत फैसला सुनाया।
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मामले की तहरीर सरायलखंसी थाना क्षेत्र के चोरपा खुर्द गांव निवासी मुकदमा वादी दुर्ग विजय मौर्य ने दर्ज कराई थी। वादी के अनुसार 11 जून 2013 को मकान का बारजा निकालने को लेकर इसी गांव के राम प्यारे मौर्य, राम रतन मौर्य, रामनेत,राम दरश मौर्य,कमला मौर्य, मंगला मौर्य ने वादी व उसके परिवार के सुमन मौर्य सहित आधा दर्जन से ज्यादा लोगों को घर में घुसकर मारापीटा। चोटिल सुमन को प्राण घातक चोट आई तथा वादी का हाथ टूट गया।
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मामले में एडीजीसी राणा प्रताप सिंह व धीरेंद्र प्रताप सिंह ने कुल दस गवाहों को अदालत में पेश किया। न्यायाधीश ने तर्कों पर विस्तृत व्याख्या के उपरांत फैसला सुनाया।
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