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मल्लाह टोला में घुसने लगा पानी
अमर उजाला ब्यूरो,मऊ
Updated Sun, 27 Aug 2017 11:21 PM IST
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बाढ़ की वजह कट रही मिट्टी, निरीक्षण करते अधिकारी
- फोटो : अमर उजाला
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दोहरीघाट / दुबारी। घाघरा के जल स्तर मे बढाव का क्रम जारी रहने से तटवर्ती इलाकों तथा मधुबन के देवारा क्षेत्र के लोगों की धड़कनें बढ़ने लगी हैं। नदी का जलस्तर बढने से बाबा मेला राम के रास्ते मल्लाह टोला में पुन: पानी का घुसना शुरू हो गया है। इससे मोहल्लावासी परेशान हो गए हैं। मधुबन तहसील के हाहानाला रिंग बंधा में कई स्थानों पर रिसाव जारी रहने से भी लोग दहशत मेें जी रहे हैं।
दोहरीघाट में घाघरा का जलस्तर 24 घंटे में दो सेमी बढोत्तरी दर्ज की गई। प्रतिदिन घाघरा के बढने से नगर सहित तटवर्ती इलाके के लोगों की मुश्किलें बढ़ती ही जा रही है। नदी के बढ़ाने से बाबा मेला राम के रास्ते मल्लाह टोला में पुन: पानी का घुसना शुरू हो गया है। नगर के तीन मुहल्ले भगवनापुरा मल्लाह टोला और दलित बस्ती के लोग एक बार फिर दहशत में हैं। नदी के बढ़ने से नगर के अनेक ऐतिसिक धरोहरें मुक्तिधाम, दुर्गामंदिर, खाकीबाबा की कुटी, शाही मस्जिद, हनुमान मंदिर, लोक निर्माण विभाग का डाक बंगला खतरे में है। घाघरा नदी के बाढ़ से बचाने के लिए बने महुला गढवल बांध, नवली चिउटीडाड़ रिंग बांध तथा बीबीपुर बेलौली बंधे पर पानी दबाव बढ गया है। जिससे बंधों पर खतरा मंडराने लगा है।
घाघरा के तटवर्ती इलाकों के दर्जनों गांवों की हजारों एकड़ फसले पानी मे डूब गई है जिससे किसानों के सामने पशुओं के चारे की किल्लत हो रही है। दोहरीघाट मे गौरीशंकर घाट पर घाघरा का जल स्तर रविवार को 70.47 मीटर रहा। शनिवार जल स्तर 70.45 मीटर रहा। खतरे का निशान 69.90 मीटर है। मधुबन तहसील के देवारा में घाघरा जलस्तर लगातार बढाव का क्रम जारी है। मुख्य मार्ग दुबारी से बिंटोलिया तक के मार्ग में कई स्थानों पर एक से दो फीट तक पानी भर गया है। जिससे आने जाने में असुविधा का सामना करना पड़ रहा है। कई पुरवों के लोगों को नाव कि जरुरत पड़ रही है।पशुओं के चारा का संकट उत्पन्न हो गया है।
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उधर परसिया हाहानाला रेगुलेटर पर जलस्तर 66.29मीटर रहा। चक्की मूसाडोही, चौहानपुर, गजियापुर छावनी, बइरकंटा, भगत का पुरवा, धुस, मनमन का पुरवा, पब्बर का पुरवा, हरीलाल का पुरवा, खैरा धर्मपुर टाड़ी, जरलहवा नई बस्ती, बिंटोलिया, नरहाघाट, कुडिया हाता आदि पुरवे के लोगों को नदी के कहर बरपाने की चिंता सताने लगी है। हाहानाला रिंग बंधा में क ई स्थानों पर रिसाव तेज होने से लोगों को नुकसान की चिंता सताने लगी है।मिश्रौली कुवंरपुरवा पुलिया के पास कुवंरपुरवा से गजियापूर के बीच में कई स्थानों पर खतरनाक रिसाव है।
दोहरीघाट में घाघरा का जलस्तर 24 घंटे में दो सेमी बढोत्तरी दर्ज की गई। प्रतिदिन घाघरा के बढने से नगर सहित तटवर्ती इलाके के लोगों की मुश्किलें बढ़ती ही जा रही है। नदी के बढ़ाने से बाबा मेला राम के रास्ते मल्लाह टोला में पुन: पानी का घुसना शुरू हो गया है। नगर के तीन मुहल्ले भगवनापुरा मल्लाह टोला और दलित बस्ती के लोग एक बार फिर दहशत में हैं। नदी के बढ़ने से नगर के अनेक ऐतिसिक धरोहरें मुक्तिधाम, दुर्गामंदिर, खाकीबाबा की कुटी, शाही मस्जिद, हनुमान मंदिर, लोक निर्माण विभाग का डाक बंगला खतरे में है। घाघरा नदी के बाढ़ से बचाने के लिए बने महुला गढवल बांध, नवली चिउटीडाड़ रिंग बांध तथा बीबीपुर बेलौली बंधे पर पानी दबाव बढ गया है। जिससे बंधों पर खतरा मंडराने लगा है।
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घाघरा के तटवर्ती इलाकों के दर्जनों गांवों की हजारों एकड़ फसले पानी मे डूब गई है जिससे किसानों के सामने पशुओं के चारे की किल्लत हो रही है। दोहरीघाट मे गौरीशंकर घाट पर घाघरा का जल स्तर रविवार को 70.47 मीटर रहा। शनिवार जल स्तर 70.45 मीटर रहा। खतरे का निशान 69.90 मीटर है। मधुबन तहसील के देवारा में घाघरा जलस्तर लगातार बढाव का क्रम जारी है। मुख्य मार्ग दुबारी से बिंटोलिया तक के मार्ग में कई स्थानों पर एक से दो फीट तक पानी भर गया है। जिससे आने जाने में असुविधा का सामना करना पड़ रहा है। कई पुरवों के लोगों को नाव कि जरुरत पड़ रही है।पशुओं के चारा का संकट उत्पन्न हो गया है।
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उधर परसिया हाहानाला रेगुलेटर पर जलस्तर 66.29मीटर रहा। चक्की मूसाडोही, चौहानपुर, गजियापुर छावनी, बइरकंटा, भगत का पुरवा, धुस, मनमन का पुरवा, पब्बर का पुरवा, हरीलाल का पुरवा, खैरा धर्मपुर टाड़ी, जरलहवा नई बस्ती, बिंटोलिया, नरहाघाट, कुडिया हाता आदि पुरवे के लोगों को नदी के कहर बरपाने की चिंता सताने लगी है। हाहानाला रिंग बंधा में क ई स्थानों पर रिसाव तेज होने से लोगों को नुकसान की चिंता सताने लगी है।मिश्रौली कुवंरपुरवा पुलिया के पास कुवंरपुरवा से गजियापूर के बीच में कई स्थानों पर खतरनाक रिसाव है।