मऊ। जिलाधिकारी अरुण कुमार की अध्यक्षता में मुख्यमंत्री की घोषणा से संबंधित योजनाओं, पूर्वांचल विकास निधि, सांसद निधि, त्वरित आर्थिक विकास योजना एवं क्रिटिकल गैप की समीक्षा बैठक जिलाधिकारी कैंप कार्यालय पर हुई। जिलाधिकारी ने पूर्वांचल विकास निधि के अंतर्गत 20 कार्यों की टेंडर प्रक्रिया अभी तक पूर्ण नहीं होने पर अधिशासी अभियंता ग्रामीण अभियंत्रण विभाग से स्पष्टीकरण मांगा बैठक में जिलाधिकारी ने घोसी में 100 शैया चिकित्सालय के निर्माण कार्य की प्रगति के बारे में जानकारी लेते हुए निर्माण कार्य को गुणवत्तापूर्ण ढंग से जल्द से जल्द पूर्ण करने के निर्देश दिए। उन्होंने राष्ट्रीय निर्माण निगम के कार्यों की प्रगति में कमी पाए जाने पर कार्य में तेजी लाने के भी निर्देश दिए। उन्होंने मधुबन देवरांचल दुबारी के अग्निशमन केंद्र के आवासीय/अनावासीय भवनों के निर्माण की प्रगति के बारे में पूछा। संबंधित अधिकारी द्वारा बताया गया कि कार्य लगभग पूर्ण हो चुका है। दिसंबर तक हैंड ओवर कर दिया जाएगा। जिलाधिकारी ने पुलिस लाइन में 100 पुरुष कर्मियों हेतु बैरक के निर्माण कार्यों के बारे में जानकारी। उन्होंने सख्त निर्देश दिया कि जितने भी सरकारी भवन का निर्माण कार्य हो रहा है उसे गुणवत्तापूर्ण ढंग से एवं निर्माण कार्य में अच्छी किस्म की सामग्री का प्रयोग करें। जिलाधिकारी ने उप जिलाधिकारी, अधिशासी अभियंता पीडब्ल्यूडी तथा वित्त एवं लेखाधिकारी की संयुक्त टीम बनाकर तीन बड़े निर्माण कार्यों क्रमश: मादी सुकरौली से दक्षिण रोड सपनौली होते हुए रामगढ़ खंतियां संपर्क मार्ग, दोहरीघाट मधुबन मेन रोड बेलौली से नगरीपार शक्करपुर होते हुए बेलाकसैला तक सम्पर्क मार्ग एवं तेंदुली नहर से पइलवापार होते हुए बभनपुरा प्रधानमंत्री सड़क तक पिच के निर्माण कार्य की गुणवत्ता की जांच करने के निर्देश दिए। 10 दिन के अंदर जांच रिपोर्ट प्रस्तुत करने के भी निर्देश दिए। इसके अलावा जिलाधिकारी ने इंटरलॉकिंग के कई छोटे कार्यों जो कार्य प्रगति अवस्था में है उसको भी एई, तहसीलदार सहित अन्य संबंधित लोगों की टीम बनाकर इसकी गुणवत्ता की जांच करने के निर्देश दिए। । जिलाधिकारी ने निर्देश दिए कि निर्माण कार्यों के गुणवत्ता की जांच करें एवं किसी प्रकार की कमी मिलने पर संबंधित के खिलाफ कठोर कार्यवाही करें। बैठक के दौरान मुख्य विकास अधिकारी राम सिंह वर्मा, जिला अर्थ एवं संख्या अधिकारी ददन कुमार, अधिशासी अभियंता पीडब्ल्यूडी, परियोजना निदेशक सहित अन्य संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे।