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गैंगस्टर एक्ट में कोर्ट का फैसला: मुख्तार अंसारी को एक लाख के निजी मुचलके पर रिहा करने का आदेश
Wed, 16 Feb 2022 04:52 PM IST
उत्पल कांत
अमर उजाला नेटवर्क, मऊ
अमर उजाला नेटवर्क, मऊ
Published by: उत्पल कांत
Updated Wed, 16 Feb 2022 04:52 PM IST
सार
गैंगेस्टर एक्ट के मामले में विशेष न्यायाधीश एमपी/ एमएलए दिनेश कुमार चौरसिया की अदालत ने मुख्तार अंसारी को एक लाख के निजी मुचलके पर रिहा करने का आदेश दिया है।
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मुख्तार अंसारी
- फोटो : फाइल फोटो
विस्तार
यूपी में जारी चुनावी घमासान के बीच बांदा जेल में बंद मऊ सदर विधायक बाहुबली मुख्तार अंसारी के लिए राहत भरी खबर आई। बुधवार को मऊ में गैंगेस्टर एक्ट के मामले में विशेष न्यायाधीश एमपी/ एमएलए दिनेश कुमार चौरसिया ने विधायक मुख्तार अंसारी की अर्जी पर सुनवाई के बाद एक लाख के व्यक्तिगत मुचलके पर उन्हें रिहा करने का आदेश दिया है। इस दौरान कोर्ट में मुख्तार अंसारी की पेशी वीडियो कान्फ्रेंसिंग से बांदा जेल से हुई।
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मामले के अनुसार मुख्तार अंसारी की ओर से उच्च न्यायालय इलाहाबाद में हैवियस कार्पस की एक रिट याचिका दाखिल कर रिहाई का बिंदु उठाया गया था। जिस पर सुनवाई के बाद उच्च न्यायालय ने उनके निरुद्धीकरण को गैरकानूनी माना तथा निर्देश दिया है कि वह इस बिंदु को विचारण न्यायालय में उठाएं।
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साथ ही हाईकोर्ट ने संबंधित एमपी/एमएलए कोर्ट को निर्देश दिया था कि वह मामले को छह सप्ताह के भीतर निपटाए। उसी क्रम में मुख्तार अंसारी की ओर से एमपी/एमएलए कोर्ट में प्रार्थना पत्र दिया गया था, जिसमें उल्लेख था कि दक्षिण टोला थाना क्षेत्र के गैंगस्टर एक्ट के मामले में वह 9 सितंबर 2011 से लगातार न्यायिक अभिरक्षा में है। प्रार्थना पत्र पर सुनवाई के बाद विशेष न्यायाधीश ने मुख्तार अंसारी को एक लाख रुपये के व्यक्तिगत मुचलके पर रिहा करने का आदेश दिया।
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