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केंद्र सरकार किसानों के साथ हमदर्दी दिखाए ः अतुल अनजान
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मऊ। केंद्र सरकार द्वारा पारित तीन कृषि कानूनों को वापस करने के लिए किसानों का देशव्यापी आंदोलन चल रहा है। कृषि कानूनों के पास होते ही पिछले 6 महीनों से देश के विभिन्न राज्यों और जिलों में किसान जुलूस, धरना, प्रदर्शन , घेराव , रास्ता जाम , भूख हड़ताल करके केंद्र सरकार से अपना विरोध प्रदर्शित कर इन्हें वापस लेने की मांग कर रहे हैं।
पहली जनवरी 2021 को पूरे देश में किसान 10 बजे से तीन बजे तक संविधान उद्देशिका की शपथ के साथ तीनों कृषि कानूनों की वापसी , सभी कृषि उत्पादों की न्यूनतम समर्थन मूल्य पर खरीदारी एवं कानूनी गारंटी देने तक संगत को अनवरत जारी रखने का संकल्प लेंगे। यह जानकारी अखिल भारतीय किसान सभा के राष्ट्रीय महासचिव, स्वामीनाथन कमीशन के पूर्व सदस्य अतुल कुमार अनजान ने एक विज्ञप्ति के माध्यम से दी है। उन्होंने कहा है कि अखिल भारतीय किसान संघर्ष समन्वय समिति ने निर्णय लिया है कि आंदोलन को चरणबद्ध तरीके से राष्ट्रीय स्तर पर 2021 में जारी रखा जाएगा।
पहली जनवरी को संविधान और किसान मांगों पर गांव से लेकर जिला स्तर पर किसान समूह संकल्प लेंगे। उत्तर पूर्वी राज्यों में भी किसान आंदोलन ने गति पकड़ ली है। किसान नेता ने कहा है कि किसानों का आंदोलन व्यापक जनसमर्थन हासिल कर रहा है। उन्होंने आगे कहा कि केंद्र सरकार से किसान संगठन बात करने को तैयार है और सरकार को भी तीन कृषि कानूनों को वापस लेकर किसानों के साथ हमदर्दी का ऐलान करना चाहिए। किसान दिल्ली के बॉर्डर पर एक माह से प्रदर्शन कर रहे हैं। इस आंदोलन में 40 किसान विगत एक माह में अपनी शहादत दे चुके हैं।
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पहली जनवरी 2021 को पूरे देश में किसान 10 बजे से तीन बजे तक संविधान उद्देशिका की शपथ के साथ तीनों कृषि कानूनों की वापसी , सभी कृषि उत्पादों की न्यूनतम समर्थन मूल्य पर खरीदारी एवं कानूनी गारंटी देने तक संगत को अनवरत जारी रखने का संकल्प लेंगे। यह जानकारी अखिल भारतीय किसान सभा के राष्ट्रीय महासचिव, स्वामीनाथन कमीशन के पूर्व सदस्य अतुल कुमार अनजान ने एक विज्ञप्ति के माध्यम से दी है। उन्होंने कहा है कि अखिल भारतीय किसान संघर्ष समन्वय समिति ने निर्णय लिया है कि आंदोलन को चरणबद्ध तरीके से राष्ट्रीय स्तर पर 2021 में जारी रखा जाएगा।
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पहली जनवरी को संविधान और किसान मांगों पर गांव से लेकर जिला स्तर पर किसान समूह संकल्प लेंगे। उत्तर पूर्वी राज्यों में भी किसान आंदोलन ने गति पकड़ ली है। किसान नेता ने कहा है कि किसानों का आंदोलन व्यापक जनसमर्थन हासिल कर रहा है। उन्होंने आगे कहा कि केंद्र सरकार से किसान संगठन बात करने को तैयार है और सरकार को भी तीन कृषि कानूनों को वापस लेकर किसानों के साथ हमदर्दी का ऐलान करना चाहिए। किसान दिल्ली के बॉर्डर पर एक माह से प्रदर्शन कर रहे हैं। इस आंदोलन में 40 किसान विगत एक माह में अपनी शहादत दे चुके हैं।
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