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अलादीन की चिराग की तरह मंडी में सालों बाद निकल आया बना शौचालय
Updated Thu, 20 Sep 2018 12:05 AM IST
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मऊ। वर्षो पूर्व बने मंडी परिषद में तीन दिन पहले तक शौचालय की कोई व्यवस्था नहीं थी, ऐसे में विवशता में कर्मचारी के साथ व्यापारी खुले में शौच आदि करने को जाने के लिए थे। इस दौरान वर्षो से मंडी परिषद में मौजूद शौचालय को कर्मचारियों ने ढूंढ निकाला। साथ ही उसकी साफ सफाई करके शौचालय का बोर्ड भी लगा दिया गया। जबकि तीन दिन पूर्व तक मंडी सचिव वहां शौचालय बनवाने की बात कर रहे थे।
डीएम आवास के समीप और नगर पालिका के ख्वाजाजहांपुर के पास बने कृषि मंडी में आने वाले व्यापारियों के लिए शौचालय की व्यवस्था नहीं थी। व्यापारी और चालक खुले में शौच को जाने के लिए विवश थे। जबकि वर्ष 2007 में मंडी में शौचालय का निर्माण कराया गया था। जो जर्जर हो गया था। इस कारण उसमें ताला बंद कर दिया गया था। परिसर में शौचालय भी है, इससे कर्मचारी के साथ सचिव मंडी परिषद भी अनभिज्ञ थे। इस दौरान मंडी सचिव सालिग्राम ने परिसर में शौचालय निर्माण कराने की बात कही थी। हड़कंप मचा तो आनन फानन में बंद पड़े शौचलय को खोल दिया गया। वर्षो बाद मंडी में शौचालय सुविधा बहाल होने से जहां व्यापारी वर्ग खुश दिखा, वहीं इस बात को लेकर हैरान भी थे कि मंडी परिसर में शौचालय बना है, लेकिन उन्हें इसकी जानकारी तक नहीं थी।
इस बावत मंडी सचिव शालीग्राम सरोज ने बताया कि उन्होंने कुछ दिनों पहले ही मंडी का प्रभार लिया है। इसलिए उन्हें मंडी में पुराने शौचालय की जानकारी नहीं थी। यह शौचालय भी काफी जीर्ण शीर्ण स्थिति में था, जिससे व्यापारियों की सुविधा को देखते हुए उसे दुरस्त कराकर शुरू करा दिया गया है। साथ ही जल्द ही सामुदायिक शौचालय बनवाने के लिए प्रस्ताव बनाकर इस पर कार्य किया जाएगा।
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डीएम आवास के समीप और नगर पालिका के ख्वाजाजहांपुर के पास बने कृषि मंडी में आने वाले व्यापारियों के लिए शौचालय की व्यवस्था नहीं थी। व्यापारी और चालक खुले में शौच को जाने के लिए विवश थे। जबकि वर्ष 2007 में मंडी में शौचालय का निर्माण कराया गया था। जो जर्जर हो गया था। इस कारण उसमें ताला बंद कर दिया गया था। परिसर में शौचालय भी है, इससे कर्मचारी के साथ सचिव मंडी परिषद भी अनभिज्ञ थे। इस दौरान मंडी सचिव सालिग्राम ने परिसर में शौचालय निर्माण कराने की बात कही थी। हड़कंप मचा तो आनन फानन में बंद पड़े शौचलय को खोल दिया गया। वर्षो बाद मंडी में शौचालय सुविधा बहाल होने से जहां व्यापारी वर्ग खुश दिखा, वहीं इस बात को लेकर हैरान भी थे कि मंडी परिसर में शौचालय बना है, लेकिन उन्हें इसकी जानकारी तक नहीं थी।
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इस बावत मंडी सचिव शालीग्राम सरोज ने बताया कि उन्होंने कुछ दिनों पहले ही मंडी का प्रभार लिया है। इसलिए उन्हें मंडी में पुराने शौचालय की जानकारी नहीं थी। यह शौचालय भी काफी जीर्ण शीर्ण स्थिति में था, जिससे व्यापारियों की सुविधा को देखते हुए उसे दुरस्त कराकर शुरू करा दिया गया है। साथ ही जल्द ही सामुदायिक शौचालय बनवाने के लिए प्रस्ताव बनाकर इस पर कार्य किया जाएगा।
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