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Mau News: जामिया मिलिया इस्लामिया स्कूल में एडमिशन के नाम पर 3.23 लाख हड़पे
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दक्षिण टोला थाना क्षेत्र के मदनपुरा मुहल्ला निवासी जाकिर हुसैन की शिकायत और कोर्ट के आदेश पर धोखाधड़ी के मामले में पुलिस ने आठ लोगों के विरुद्ध प्राथमिकी दर्ज की है।
तनसीर खान ने खुद को दिल्ली का सीबीआई अफसर बताते हुए जामिया मिलिया इस्लामिया विश्वविद्यालय से संबद्ध जामिया मिलिया इस्लामिया स्कूल में एडमिशन के नाम पर 3.23 लाख रुपये हड़प लिए। इसमें सात अन्य लोगों ने उसका साथ दिया।
प्राथमिकी के अनुसार जाकिर हुसैन वर्ष 2019 में अपनी बहन जिनत फिरदौस और नूर अफरोज का जामिया मिलिया इस्लामिया स्कूल में एडमिशन कराने के लिए दिल्ली गए थे।
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कुछ लोगों के बताने पर वे दक्षिण-पश्चिमी दिल्ली के जाफराबाद थाना क्षेत्र निवासी तसनीर खान से 29 फरवरी 2019 को सीबीआई ऑफिस, लोधी नगर पहुंचकर मिले।
उसने दिल्ली पुलिस, सीबीआई और दिल्ली के सभी विश्वविद्यालयों में अपनी पहुंच बताई और दोनों बहनों के एडमिशन के लिए चार लाख रुपये की मांग की।
इसके बाद 22 बार में दिल्ली निवासी इमरान खान, सलमान खान, सैफुद्दीन, जियाउर्रहमान, पूर्वोत्तर दिल्ली के सीलमपुर निवासी हैदर अली, गाजियाबाद जनपद के बहादुरगढ़ निवासी जियाउर्रहमान और गाजियाबाद निवासी सलीम खान के बैंक खातों में पूरा पैसा भेज दिया गया।
कुछ दिन बाद उसने बहनों को एडमिशन के लिए परीक्षा दिलाई और जाकिर हुसैन घर लौट आए। तीन माह बीत जाने के बाद भी एडमिशन नहीं हुआ और आरोपी ने फोन उठाना भी बंद कर दिया।
परेशान होकर जाकिर हुसैन लोधी नगर स्थित सीबीआई ऑफिस पहुंचे, जहां सिक्योरिटी गार्ड ने बताया कि यहां तसनीर नाम का कोई व्यक्ति काम नहीं करता है।
गार्ड ने तसनीर से फोन पर बात की तो उसने खुद को एटीएस का हेड अफसर बताया। इसके बाद उसने अपने साथी सैफुद्दीन के पिता के नाम पर दो लाख रुपये का चेक डाक से भेजा, जो 25 मार्च 2020 की तारीख का था।
उस समय लॉकडाउन के चलते बैंक बंद थे और पैसा निकालना संभव नहीं हो पाया। बैंक खुलने पर पता चला कि खाते में पैसा नहीं है और चेक पर किए गए हस्ताक्षर भी सही नहीं हैं।
प्राथमिकी दर्ज कर विवेचना की जा रही है। आरोपियों से संपर्क कर बयान दर्ज कराया जाएगा, फिर आगे की कार्रवाई की जाएगी। -बसंत लाल, थानाध्यक्ष, दक्षिण टोला
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तनसीर खान ने खुद को दिल्ली का सीबीआई अफसर बताते हुए जामिया मिलिया इस्लामिया विश्वविद्यालय से संबद्ध जामिया मिलिया इस्लामिया स्कूल में एडमिशन के नाम पर 3.23 लाख रुपये हड़प लिए। इसमें सात अन्य लोगों ने उसका साथ दिया।
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प्राथमिकी के अनुसार जाकिर हुसैन वर्ष 2019 में अपनी बहन जिनत फिरदौस और नूर अफरोज का जामिया मिलिया इस्लामिया स्कूल में एडमिशन कराने के लिए दिल्ली गए थे।
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कुछ लोगों के बताने पर वे दक्षिण-पश्चिमी दिल्ली के जाफराबाद थाना क्षेत्र निवासी तसनीर खान से 29 फरवरी 2019 को सीबीआई ऑफिस, लोधी नगर पहुंचकर मिले।
उसने दिल्ली पुलिस, सीबीआई और दिल्ली के सभी विश्वविद्यालयों में अपनी पहुंच बताई और दोनों बहनों के एडमिशन के लिए चार लाख रुपये की मांग की।
इसके बाद 22 बार में दिल्ली निवासी इमरान खान, सलमान खान, सैफुद्दीन, जियाउर्रहमान, पूर्वोत्तर दिल्ली के सीलमपुर निवासी हैदर अली, गाजियाबाद जनपद के बहादुरगढ़ निवासी जियाउर्रहमान और गाजियाबाद निवासी सलीम खान के बैंक खातों में पूरा पैसा भेज दिया गया।
कुछ दिन बाद उसने बहनों को एडमिशन के लिए परीक्षा दिलाई और जाकिर हुसैन घर लौट आए। तीन माह बीत जाने के बाद भी एडमिशन नहीं हुआ और आरोपी ने फोन उठाना भी बंद कर दिया।
परेशान होकर जाकिर हुसैन लोधी नगर स्थित सीबीआई ऑफिस पहुंचे, जहां सिक्योरिटी गार्ड ने बताया कि यहां तसनीर नाम का कोई व्यक्ति काम नहीं करता है।
गार्ड ने तसनीर से फोन पर बात की तो उसने खुद को एटीएस का हेड अफसर बताया। इसके बाद उसने अपने साथी सैफुद्दीन के पिता के नाम पर दो लाख रुपये का चेक डाक से भेजा, जो 25 मार्च 2020 की तारीख का था।
उस समय लॉकडाउन के चलते बैंक बंद थे और पैसा निकालना संभव नहीं हो पाया। बैंक खुलने पर पता चला कि खाते में पैसा नहीं है और चेक पर किए गए हस्ताक्षर भी सही नहीं हैं।
प्राथमिकी दर्ज कर विवेचना की जा रही है। आरोपियों से संपर्क कर बयान दर्ज कराया जाएगा, फिर आगे की कार्रवाई की जाएगी। -बसंत लाल, थानाध्यक्ष, दक्षिण टोला