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एक महीने में बढ़े 300 नए व्यापारी
mau news
Updated Sun, 06 Aug 2017 11:27 PM IST
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जीएसटी
- फोटो : Amar Ujala
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मऊ। गुड्स सर्विसेज टैक्स जीएसटी को लेकर अभी व्यापारियों और आम जनमानस में ऊहापोह की स्थिति है। एक महीना गुजरने के बाद हालांकि अभी व्यापारियों की परेशानी कम नहीं हुई है लेकिन विभाग में पंजीयन को लेेकर संख्या पूर्व की अपेक्षा बढ़ रही है। पूर्व में जिले में टीन नंबर लेने वाले 6000 व्यापारी थे। जीएसटी लागू होने के बाद पूर्व के व्यापारियों के अलावा 300 और संख्या व्यापारियों की बढ़ी है।
एक जुलाई से लागू जीएसटी को लेकर अभी भी व्यापारियों की मुश्किलें कम होने का नाम नहीं ले रही है। व्यापरियों का कहना है कि उन्हें जगह-जगह डाटा फीडिंग से लेकर रिटर्न दाखिल आदि के झमेलों को लेकर दिक्कतें हो रही हैं। जब कि विभाग का कहना है कि जीएसटी लागू होने के बाद व्यापारियों की समस्या कम होगी। अधिकांश छोटे व्यापारियों को जीएसटी के झमेले से हमेशा के लिए छूट मिल जाएगी।
बड़े व्यापारी जो बड़े कारोबारियों या सीधे कंपनी आदि से माल खरीदते थे उन्हें कुछ समस्या आ रही है लेकिन वह भी समय रहते दूर हो जाएगी। जिले में व्यापारियों की संख्या पूर्व में 6000 थी।
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उधर इस संबंध में विभाग का मानना है कि पूर्व के सभी व्यापारियों ने तो अपना जीएसटी नंबर लगभग ले ही लिया है। इसके अलावा भी लगभग 300 नए व्यापारियों ने अपना रजिस्ट्रेशन कराया है ताकि वह अपना कारोबार जीएसटी के तहत कर सकें।
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एक जुलाई से लागू जीएसटी को लेकर अभी भी व्यापारियों की मुश्किलें कम होने का नाम नहीं ले रही है। व्यापरियों का कहना है कि उन्हें जगह-जगह डाटा फीडिंग से लेकर रिटर्न दाखिल आदि के झमेलों को लेकर दिक्कतें हो रही हैं। जब कि विभाग का कहना है कि जीएसटी लागू होने के बाद व्यापारियों की समस्या कम होगी। अधिकांश छोटे व्यापारियों को जीएसटी के झमेले से हमेशा के लिए छूट मिल जाएगी।
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बड़े व्यापारी जो बड़े कारोबारियों या सीधे कंपनी आदि से माल खरीदते थे उन्हें कुछ समस्या आ रही है लेकिन वह भी समय रहते दूर हो जाएगी। जिले में व्यापारियों की संख्या पूर्व में 6000 थी।
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उधर इस संबंध में विभाग का मानना है कि पूर्व के सभी व्यापारियों ने तो अपना जीएसटी नंबर लगभग ले ही लिया है। इसके अलावा भी लगभग 300 नए व्यापारियों ने अपना रजिस्ट्रेशन कराया है ताकि वह अपना कारोबार जीएसटी के तहत कर सकें।