{"_id":"66f332c9de5373bffe045514","slug":"250-people-were-tested-for-hiv-tb-and-hepatitis-mau-news-c-295-1-mau1001-118218-2024-09-25","type":"story","status":"publish","title_hn":"Mau News: 250 लोगों की हुई एचआईवी, टीबी, हेपेटाइटिस की जांच","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Mau News: 250 लोगों की हुई एचआईवी, टीबी, हेपेटाइटिस की जांच
विज्ञापन
मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. राहुल सिंह के निर्देश पर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र रानीपुर, कोपागंज व बडरॉव में एचआईवी, टीबी, हेपेटाइटिस बी, सी और परिवार कल्याण की योजनाओं की प्रदर्शनी लगा कर लोगों की जांच की गई। प्रधानमंत्री मातृत्व दिवस के अवसर पर इंटेंसिफाइड चार की बात कार्यक्रम के तहत उत्तर प्रदेश एड्स कंट्रोल सोसायटी के निर्देशन में हुए आयोजन में तीनों केंद्रों पर 250 से ज्यादा लोगों की एचआईवी, एसटीआई की जांच की गई।
जिला क्षय रोग अधिकारी डॉ आर के सिंह ने बताया कि यदि कोई एचआईवी पॉजिटिव मरीजों के साथ समाज भेदभाव करता है तो दोषी व्यक्ति को 2 साल की सजा व एक लाख जुर्माने का प्रावधान है। परामर्श दिया कि कोई भी 4 कारणों से एचआईवी पॉजिटिव हो सकता है। संक्रमित व्यक्ति के साथ असुरक्षित यौन संबंध बनाना, संक्रमित व्यक्ति के साथ सिरिंज के साझा करने से, संक्रमित व्यक्ति के रक्त प्रयोग से व संक्रमित मां के गर्भ में पल रहे बच्चे को होता है। कार्यक्रम में नागेंद्र, जयंती प्रसाद, मनीष, संदीप राय, दीपक मौर्या, वंदना श्रीवास्तव, अमित यादव ने विशेष सहयोग किया।
रानीपुर में अधीक्षक डॉ. अशोक चौहान ने बताया कि केंद्र पर प्रतिदिन एचआईवी व टीबी की जांच मुफ्त होती है। जिसमें मरीज के पाजिटिव पाए जाने पर जिला अस्पताल रेफर कर एआरटी से लिंक करवाया जाता है। टीबी मरीजों के लिए एसटीएस निर्भय सिंह द्वारा दावा दी जाती है। कोपागंज में सीएचसी पर 60 लोगों की एचआईवी जांच की गई। एसटीआई के मरीजों को नगीना यादव काउंसलर द्वारा दवा वितरित किया गया और बचाव के तरीके बताए। बोझी में बडरॉव की प्रदर्शनी में 250 लोगों ने लाभ उठाया, जिसमे एलटी रजनीश व काउंसलर आंनद ने जांच कर लोगों को सलाह दिया कि एचआईवी पर जानकारी ही बचाव है।
विज्ञापन
विज्ञापन
जिला क्षय रोग अधिकारी डॉ आर के सिंह ने बताया कि यदि कोई एचआईवी पॉजिटिव मरीजों के साथ समाज भेदभाव करता है तो दोषी व्यक्ति को 2 साल की सजा व एक लाख जुर्माने का प्रावधान है। परामर्श दिया कि कोई भी 4 कारणों से एचआईवी पॉजिटिव हो सकता है। संक्रमित व्यक्ति के साथ असुरक्षित यौन संबंध बनाना, संक्रमित व्यक्ति के साथ सिरिंज के साझा करने से, संक्रमित व्यक्ति के रक्त प्रयोग से व संक्रमित मां के गर्भ में पल रहे बच्चे को होता है। कार्यक्रम में नागेंद्र, जयंती प्रसाद, मनीष, संदीप राय, दीपक मौर्या, वंदना श्रीवास्तव, अमित यादव ने विशेष सहयोग किया।
विज्ञापन
रानीपुर में अधीक्षक डॉ. अशोक चौहान ने बताया कि केंद्र पर प्रतिदिन एचआईवी व टीबी की जांच मुफ्त होती है। जिसमें मरीज के पाजिटिव पाए जाने पर जिला अस्पताल रेफर कर एआरटी से लिंक करवाया जाता है। टीबी मरीजों के लिए एसटीएस निर्भय सिंह द्वारा दावा दी जाती है। कोपागंज में सीएचसी पर 60 लोगों की एचआईवी जांच की गई। एसटीआई के मरीजों को नगीना यादव काउंसलर द्वारा दवा वितरित किया गया और बचाव के तरीके बताए। बोझी में बडरॉव की प्रदर्शनी में 250 लोगों ने लाभ उठाया, जिसमे एलटी रजनीश व काउंसलर आंनद ने जांच कर लोगों को सलाह दिया कि एचआईवी पर जानकारी ही बचाव है।
विज्ञापन