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130 आंगनबाड़ी केंद्र बनेगें प्ले स्कूल
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मऊ। जिले के 130 आंगनबाड़ी केंद्रों को आदर्श केंद्र के रूप में विकसित करने के लिए इनका चयन किया गया है। इन केंद्रों पर बच्चों की उपस्थिति बढ़े इसके लिए प्ले स्कूल की तर्ज पर पढ़ाई कराने के साथ विभाग की ओर से छह सुविधाओं को विशेष ख्याल रखा जाएगा। मानीटरिंग के लिए सभी ब्लॉकों के सीडीपीओ को नोडल अधिकारी की जिम्मेदारी दी गई है।
जिले में बाल विकास एवं पुष्टाहार विभाग के नौ ब्लाकों में 2587 आंगनबाड़ी केंद्र संचालित हो रहे हैं। विभाग द्वारा जिले के तीन से छह साल के बच्चों को आंगनबाड़ी केंद्र की ओर आकर्षित करने के लिए इन केंद्रों में बेहतर केंद्रों को आदर्श आंगनबाड़ी में चयनित किया जा रहा है। केंद्रों की कार्यकर्ता की कार्य कुशलता, रिकार्ड मेटेनेंस, पंजीकृत बच्चों की उपस्थिति, बेहतर साफ सफाई, लाभार्थियों के सेवा कार्य का बेहतर रिकार्ड सुविधाओं तथा खुद का भवन की सुविधा रहेगी। जिसमें स्वास्थ्य जांच, दवाइयां, पूरक पोषाहार, शाला पूर्व शिक्षा जैसी कई सेवाएं प्रदान की जाएंगी। साथ ही एएनएम द्वारा गर्भवती महिलाओं का टीकाकरण, स्वास्थ्य जांच और वजन भी कराया जाएगा। आदर्श केंद्र के लिए बच्चों महिलाओं की अधिक संख्या वाले केंद्र को प्राथमिकता दी जाएगी। मॉनिटरिंग के लिए सभी ब्लाक के सीडीपीओ को नोडल अधिकारी बनाया गया है।
आंगनबाड़ी केंद्रों को और बेहतर बनाया जाएगा, जिससे कुपोषण के खात्में के साथ-साथ बच्चों को प्राथमिक शिक्षा भी दी जा सके।
दुर्गेश सिंह, जिला कार्यक्रम अधिकारी
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जिले में बाल विकास एवं पुष्टाहार विभाग के नौ ब्लाकों में 2587 आंगनबाड़ी केंद्र संचालित हो रहे हैं। विभाग द्वारा जिले के तीन से छह साल के बच्चों को आंगनबाड़ी केंद्र की ओर आकर्षित करने के लिए इन केंद्रों में बेहतर केंद्रों को आदर्श आंगनबाड़ी में चयनित किया जा रहा है। केंद्रों की कार्यकर्ता की कार्य कुशलता, रिकार्ड मेटेनेंस, पंजीकृत बच्चों की उपस्थिति, बेहतर साफ सफाई, लाभार्थियों के सेवा कार्य का बेहतर रिकार्ड सुविधाओं तथा खुद का भवन की सुविधा रहेगी। जिसमें स्वास्थ्य जांच, दवाइयां, पूरक पोषाहार, शाला पूर्व शिक्षा जैसी कई सेवाएं प्रदान की जाएंगी। साथ ही एएनएम द्वारा गर्भवती महिलाओं का टीकाकरण, स्वास्थ्य जांच और वजन भी कराया जाएगा। आदर्श केंद्र के लिए बच्चों महिलाओं की अधिक संख्या वाले केंद्र को प्राथमिकता दी जाएगी। मॉनिटरिंग के लिए सभी ब्लाक के सीडीपीओ को नोडल अधिकारी बनाया गया है।
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आंगनबाड़ी केंद्रों को और बेहतर बनाया जाएगा, जिससे कुपोषण के खात्में के साथ-साथ बच्चों को प्राथमिक शिक्षा भी दी जा सके।
दुर्गेश सिंह, जिला कार्यक्रम अधिकारी