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13 फरवरी बजट की कॉपी जलाएंगे किसान
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मऊ। अखिल भारतीय किसान सभा के राष्ट्रीय महासचिव एवं स्वामीनाथन आयोग के सदस्य अतुल कुमार अनजान ने कहा कि मोदी सरकार द्वारा पेश किया गया अंतरिम बजट किसान ,ग्रामीण जनता और हाशिये पर खड़ी विशाल जनसँख्या का विरोधी है।
उन्होंने रविवार को बजट को लेकर फोन पर अपनी प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि मोदी सरकार बिगत दो वर्ष से किसानों की आय दुगुनी करने का ढिंढोरा पीटती रही है। लेकिन इस बजट ने किसानों और कृषि क्षेत्र को निराशा में ढकेल दिया है। कहा कि प्रधान मंत्री किसान सम्मान निधि एक छलावा मात्र है और इस निधि से बेसहारा किसानों को तीन रुपए तीस पैसे रोज दान स्वरूप मिलेंगे।कहा कि यह ठीक उसी प्रकार है जैसे कोई अस्पताल बिना डॉक्टर और दवा के चलाया जा रहा हो। यह अंतरिम बजट यह भी दिखलाता है कि भविष्य में जो थोड़ा बहुत सब्सिडी कृषि क्षेत्र को मिल रही है वह अगले बजट में समाप्त हो जाएगी। मोदी सरकार ने पिछले तीन वर्षों में सीमा, उत्पाद एवं सेल्स टैक्स से सात लाख करोड़ रुपये बटोर लिए परन्तु किसानों को पेंशन दिए जाने पर कुछ नहीं किया है। उन्होंने कहा है कि देश भर के किसान आगामी 13 फरवरी कोसभी प्रदेशों की राजधानियों, जिला और तहसील मुख्यालयों पर किसान बिरोधी बजत की कॉपी जला कर विरोध प्रदर्शन करेंगे।
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उन्होंने रविवार को बजट को लेकर फोन पर अपनी प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि मोदी सरकार बिगत दो वर्ष से किसानों की आय दुगुनी करने का ढिंढोरा पीटती रही है। लेकिन इस बजट ने किसानों और कृषि क्षेत्र को निराशा में ढकेल दिया है। कहा कि प्रधान मंत्री किसान सम्मान निधि एक छलावा मात्र है और इस निधि से बेसहारा किसानों को तीन रुपए तीस पैसे रोज दान स्वरूप मिलेंगे।कहा कि यह ठीक उसी प्रकार है जैसे कोई अस्पताल बिना डॉक्टर और दवा के चलाया जा रहा हो। यह अंतरिम बजट यह भी दिखलाता है कि भविष्य में जो थोड़ा बहुत सब्सिडी कृषि क्षेत्र को मिल रही है वह अगले बजट में समाप्त हो जाएगी। मोदी सरकार ने पिछले तीन वर्षों में सीमा, उत्पाद एवं सेल्स टैक्स से सात लाख करोड़ रुपये बटोर लिए परन्तु किसानों को पेंशन दिए जाने पर कुछ नहीं किया है। उन्होंने कहा है कि देश भर के किसान आगामी 13 फरवरी कोसभी प्रदेशों की राजधानियों, जिला और तहसील मुख्यालयों पर किसान बिरोधी बजत की कॉपी जला कर विरोध प्रदर्शन करेंगे।
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