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पावन तीर्थ विश्रामघाट पर उर्जामंत्री ने गाए भजन, भक्त मंत्रमुग्ध
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मथुरा। १० दिवसीय ब्रज रज उत्सव वृंदावन में यमुना के तट पर हो रहा है, वहीं ब्रज के अन्य प्रमुख स्थलों पर भी कार्यक्रम हो रहे हैं। मथुरा के पावन तीर्थस्थल विश्राम घाट पर लेजर शो के जरिए भगवान श्रीकृष्ण की लीलाओं को दिखाया जा रहा है। लेजर शो के वक्त भजन संध्या में पहुंचे प्रदेश के ऊर्जा मंत्री श्रीकांत शर्मा ने भजन गाना शुरू किया तो हर कोई मंत्रमुग्ध हो गया।
मथुरा के विश्राम घाट पर उत्तर प्रदेश ब्रज तीर्थ विकास परिषद ने ब्रजरज उत्सव के तहत लेजर शो का आयोजित किया। शो के वक्त स्थानीय भजन गायकों ने भगवान के भजन गाकर भक्ति की रसधारा प्रभावित की। लेजर शो का शुभारंभ ऊर्जा मंत्री श्रीकांत शर्मा ने किया। चारों धामों से निराला भजन गाकर ऊर्जा मंत्री भी ब्रजवासी के रूप में नजर आए। माइक हाथ में लेकर उन्होंने- चारों धामों से निराला ब्रजधाम के दर्शन कर लो जी भजन गाया।
विश्राम घाट का यह है महत्व
द्वारिकाधीश मंदिर के पास पावन तीर्थस्थल विश्राम घाट का पौराणिक महत्व है। यहां के बारे में कहा जाता है कि द्वापर में भगवान श्रीकृष्ण ने जब कंस का वध किया तो अपनी बाल्यावस्था के कारण वह थक गए। इसलिए कुछ देर के लिए यमुना किनारे इसी स्थान पर विश्राम किया। जिसके बाद इस घाट का नाम विश्राम घाट पड़ गया।
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मथुरा के विश्राम घाट पर उत्तर प्रदेश ब्रज तीर्थ विकास परिषद ने ब्रजरज उत्सव के तहत लेजर शो का आयोजित किया। शो के वक्त स्थानीय भजन गायकों ने भगवान के भजन गाकर भक्ति की रसधारा प्रभावित की। लेजर शो का शुभारंभ ऊर्जा मंत्री श्रीकांत शर्मा ने किया। चारों धामों से निराला भजन गाकर ऊर्जा मंत्री भी ब्रजवासी के रूप में नजर आए। माइक हाथ में लेकर उन्होंने- चारों धामों से निराला ब्रजधाम के दर्शन कर लो जी भजन गाया।
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विश्राम घाट का यह है महत्व
द्वारिकाधीश मंदिर के पास पावन तीर्थस्थल विश्राम घाट का पौराणिक महत्व है। यहां के बारे में कहा जाता है कि द्वापर में भगवान श्रीकृष्ण ने जब कंस का वध किया तो अपनी बाल्यावस्था के कारण वह थक गए। इसलिए कुछ देर के लिए यमुना किनारे इसी स्थान पर विश्राम किया। जिसके बाद इस घाट का नाम विश्राम घाट पड़ गया।
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