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कलियुग के ‘श्रवण कुमार’
ब्यूरो, अमर उजाला मथुरा
Updated Fri, 19 Jun 2015 11:36 PM IST
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बलदेव में ब्रज चौरासी कोस यात्रा में दाऊजी मंदिर और परिक्रमा के दौरान 80 वर्षीय बुजुर्ग नेम सिंह बघेल को उनके पुत्र निहाल सिंह और रामप्रकाश सिंह पालकी में बैठा कर परिक्रमा लगवा रहे हैं। कलियुग के इन श्रवण कुमारों की हर कोई तारीफ करते नहीं थक रहा है।
निहाल सिंह ने बताया कि वे गुरुवार को दोपहर तीन बजे अपने गांव नौगवां इगलास से चौरासी कोस की यात्रा पर निकले हैं। आज बलदेव में आए हैं। पिता की इच्छा थी कि वे ब्रजचौरासी कोस की यात्रा करें, लेकिन वे चलने फिरने में असमर्थ हैं। उन्होंने पालकी में पिता को बैठा कर परिक्रमा का बीड़ा उठाया है। उनके साथ में महेंद्र सिंह, महेश सिंह, सरनाम सिंह, ऋषि कुमार, महेंद्र, रघुनाथ, पप्पू आदि परिवारीजन चल रहे हैं।
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निहाल सिंह ने बताया कि वे गुरुवार को दोपहर तीन बजे अपने गांव नौगवां इगलास से चौरासी कोस की यात्रा पर निकले हैं। आज बलदेव में आए हैं। पिता की इच्छा थी कि वे ब्रजचौरासी कोस की यात्रा करें, लेकिन वे चलने फिरने में असमर्थ हैं। उन्होंने पालकी में पिता को बैठा कर परिक्रमा का बीड़ा उठाया है। उनके साथ में महेंद्र सिंह, महेश सिंह, सरनाम सिंह, ऋषि कुमार, महेंद्र, रघुनाथ, पप्पू आदि परिवारीजन चल रहे हैं।
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