Mathura News: आरएसएस प्रचारक बोले-भारत प्राचीनता से हिंदू राष्ट्र है, अपने ही देश के लोग यह नहीं मानते
Mathura News: आरएसएस प्रचारक बोले-भारत प्राचीनता से हिंदू राष्ट्र है, अपने ही देश के लोग यह नहीं मानते
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उत्तर प्रदेश के मथुरा में भारत प्राचीनता से हिंदू राष्ट्र है। आज भी लोकसभा हो या शैक्षिक व सरकारी संस्थाएं उन सभी का ध्येय वाक्य संस्कृत में लिखा हुआ है, इसे वांग्य से लिया गया है। भारत के लोग ही इसे हिंदू राष्ट्र नहीं मानते, जबकि विदेशी जानते हैं कि यह हिंदुओं का राष्ट्र है। यह बातें आरएसएस ब्रज प्रांत के क्षेत्र प्रचारक महेंद्र ने परमेश्वरी देवी धानुका विद्या मंदिर में चल रहे 20 दिवसीय संघ शिक्षा वर्ग के शनिवार को समापन पर कहीं।
उन्होंने कहा कि ध्येय वाक्य कुरान या बाइबिल से नहीं लिए गए हैं। केवल जेएनयू और अलीगढ़ मुस्लिम यूनिवर्सिटी को छोड़कर सभी संस्थाओं के ध्येय वाक्य संस्कृत में लिखे मिलेंगे। इससे स्पष्ट हो जाता है कि भारत हिंदुओं का राष्ट्र है। लेकिन, मुगलों और अंग्रेजों के आने के बाद इसे खत्म करने की कोशिश हुई।
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दुनियाभर में एकजुट हो रहा हिंदू
इसकी स्थापना के लिए ही संघ का गठन हुआ। तब लोग कहते थे कि हिंदू मेंढक है, इसे एकजुट करना आसान नहीं है। हिंदू श्मशान में ही एकजुट होता है, लेकिन डॉ. केशव हेडगेवार ने इन सभी बातों को दरकिनार कर संघ का विस्तार किया। आज हिंदू न सिर्फ देश में बल्कि दुनियाभर में एकजुट हो रहा है।
जाति के नाम पर फैलाया जाता है संघर्ष
कहा कि संघ के कार्यकर्ताओं के त्याग का परिणाम है कि आज संघ के कार्यकर्ता प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देश के बाहर भारत माता की जय और वंदेमातरम के नारे लगते हैं। अध्यक्षता करते हुए भागवत आचार्य संजीव कृष्ण ठाकुर ने कहा कि देश में कभी भाषा तो कभी जाति के नाम पर संघर्ष फैलाया जाता है। संघ का काम क्षेत्रवाद, जातिवाद को खत्म कर हिंदुओं को एकजुट करना है।
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यह लोग मौजूद रहे
शिविर में आठ विभागों के 29 जिलों के 320 कार्यकर्ताओं को प्रशिक्षण दिया गया। इसमें 77 शाखा कार्यवाह और 32 योग शिक्षक शामिल रहे। समापन कार्यक्रम पर ब्रज प्रांत प्रचारक डॉ. हरीश, वर्ग अधिकारी ओमप्रकाश, ब्रज प्रांत के संघ संचालक शशांक भाटिया, सह सेवा प्रमुख उमेश, घोष प्रमुख ललित आदि मौजूद रहे।