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आदर्श गांव रावल होगा सौ प्रतिशत साक्षर
ब्यूरो, अमर उजाला मथुरा
Updated Thu, 03 Mar 2016 11:28 PM IST
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सांसद हेमामालिनी के आदर्श गांव रावल को सौ प्रतिशत साक्षर बनाने की शिक्षा विभाग ने तैयारियां शुरू कर दी हैं। इसके साथ ही जिले के लोहिया गांव और निरक्षर समाजवादी पेंशन लाभार्थियों को भी सौ प्रतिशत साक्षर बनाने का लक्ष्य बेसिक शिक्षा विभाग को मिल चुका है।
बेसिक शिक्षा विभाग की ओर से जिले के निरक्षरों को साक्षर बनाने के लिए 20 मार्च को साक्षरता परीक्षा आयोजित की जाएगी। इस परीक्षा में जिले के 80,000 निरक्षर लोगों को साक्षर बनाने का लक्ष्य तय किया गया है।
जिला समन्वयक, लोक शिक्षा समिति राजवीर सिंह ने बताया कि इस लक्ष्य में आदर्श गांव रावल के 1093 निरक्षर लोग, लोहिया ग्राम के 7536 और समाजवादी पेंशन पा रहे निरक्षर लाभार्थियों की संख्या 1955 है। निरक्षर लोगों को साक्षर बनाने के लिए लोक शिक्षा समिति के तहत निशुल्क किताबें वितरित की गई हैं।
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इसके साथ ही उन्हें अन्य पाठ्यसामग्री भी उपलब्ध कराई जा रही है। अनपढ़ ग्रामीणों को साक्षरता परीक्षा के लिए प्रेरकों प्रशिक्षण दे रहे हैं ताकि 20 मार्च को होने वाली परीक्षा को वह आसानी से उत्तीर्ण कर सकें।
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बेसिक शिक्षा विभाग की ओर से जिले के निरक्षरों को साक्षर बनाने के लिए 20 मार्च को साक्षरता परीक्षा आयोजित की जाएगी। इस परीक्षा में जिले के 80,000 निरक्षर लोगों को साक्षर बनाने का लक्ष्य तय किया गया है।
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जिला समन्वयक, लोक शिक्षा समिति राजवीर सिंह ने बताया कि इस लक्ष्य में आदर्श गांव रावल के 1093 निरक्षर लोग, लोहिया ग्राम के 7536 और समाजवादी पेंशन पा रहे निरक्षर लाभार्थियों की संख्या 1955 है। निरक्षर लोगों को साक्षर बनाने के लिए लोक शिक्षा समिति के तहत निशुल्क किताबें वितरित की गई हैं।
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इसके साथ ही उन्हें अन्य पाठ्यसामग्री भी उपलब्ध कराई जा रही है। अनपढ़ ग्रामीणों को साक्षरता परीक्षा के लिए प्रेरकों प्रशिक्षण दे रहे हैं ताकि 20 मार्च को होने वाली परीक्षा को वह आसानी से उत्तीर्ण कर सकें।