{"_id":"615b08e28ebc3e656d1a3614","slug":"ravan-s-ride-taken-out-with-pomp-mathura-news-agr5101896109","type":"story","status":"publish","title_hn":"धूमधाम से निकाली रावण की सवारी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
धूमधाम से निकाली रावण की सवारी
विज्ञापन
कोसीकलां में रावण राज का एलान करते सेवक तथा महाराज रावण एवं मंदोदरी की झांकी।
- फोटो : KOSI
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
कोसीकलां (मथुरा)। नगर में सोमवार को रावण की सवारी धूमधाम से निकाली गई। सवारी के आगे-आगे रावण महाराज के सेवक रावण राज्य शुरू होने का एलान करते चल रहे थे। मेले के दौरान मंगलवार को गणेश जी की सवारी का नगर भ्रमण तथा रामलीला मैदान में नारद मोह लीला का मंचन किया जाएगा।
शाम 6 बजे राम भवन से रावण की सवारी कई झांकियों सहित निकाली गई। सवारी तालाब वाली धर्मशाला से शुरू होकर सराफा बाजार, बल्देवगंज, हरदेवगंज, मेन बाजार, सब्जी मंडी, घंटाघर, पुरानी जीटी रोड, एएन फ्लैक्स गैलरी के सामने होती हुई बस स्टैंड, अग्रसेन मार्ग, भगवती रोड होती हुई धर्मशाला पर समाप्त हुई। सवारी में रावण दरबार, दशमुखी रावण, काली पूजा करता रावण आदि की झांकियां चल रही थीं।
सवारी देखने के लिए महिला, पुरुष, बच्चे, बुजुर्ग उमड़ पड़े। सवारी में आगे-आगे रावण महाराज के सेवक रावण राज्य शुरूहोने का एलान करते हुए चल रहे थे। जो कि तरह-तरह के जयघोष कर रहे थे। भय माता चक्की चलाती हुई, महाराजा रावण शिव आराधना करते हुए रावण, रावण-मंदोदरी दरबार की झांकी सभी को मोह रही थी। सवारी में बैंडबाजों की मधुर धुनें सभी को मोह रही थी।
विज्ञापन
विज्ञापन
शाम 6 बजे राम भवन से रावण की सवारी कई झांकियों सहित निकाली गई। सवारी तालाब वाली धर्मशाला से शुरू होकर सराफा बाजार, बल्देवगंज, हरदेवगंज, मेन बाजार, सब्जी मंडी, घंटाघर, पुरानी जीटी रोड, एएन फ्लैक्स गैलरी के सामने होती हुई बस स्टैंड, अग्रसेन मार्ग, भगवती रोड होती हुई धर्मशाला पर समाप्त हुई। सवारी में रावण दरबार, दशमुखी रावण, काली पूजा करता रावण आदि की झांकियां चल रही थीं।
विज्ञापन
सवारी देखने के लिए महिला, पुरुष, बच्चे, बुजुर्ग उमड़ पड़े। सवारी में आगे-आगे रावण महाराज के सेवक रावण राज्य शुरूहोने का एलान करते हुए चल रहे थे। जो कि तरह-तरह के जयघोष कर रहे थे। भय माता चक्की चलाती हुई, महाराजा रावण शिव आराधना करते हुए रावण, रावण-मंदोदरी दरबार की झांकी सभी को मोह रही थी। सवारी में बैंडबाजों की मधुर धुनें सभी को मोह रही थी।
विज्ञापन