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भैया दौज पर डग्गेमार वाहनों ने काटी चांदी
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मथुरा। परिवहन निगम के अधिकारियों की सांठगांठ के चलते त्योहार पर शहर के विभिन्न स्थानों पर डग्गेमार वाहनों ने चांदी काटी। हाईवे से जुड़े चौराहों तथा नए बस स्टैंड से खुलेआम प्राइवेट वाहनों ने सवारियों को भरा। इनके द्वारा सवारियों की मजबूरी का फायदा उठाकर तय किराए से अधिक किराया भी वसूला।
दीपावली के त्योहार पर रोडवेज ने नियमित बसों की ही व्यवस्था की थी। इसके चलते आने-जाने वालों का अतिरिक्त दबाव बढ़ने पर व्यवस्थाएं दम तोड़ गई। ऐसे में डग्गेमार वाहन अधिक मात्रा में सक्रिय हो गए। डग्गेमार वाहनों में प्राइवेट बस, टाटा मैजिक के अलावा हाईवे पर अन्य राज्यों की प्राइवेट बसों ने भी सवारियों को ढोया।
डग्गेमार वाहनों द्वारा आगरा तक के लिए 100 रुपये तक का किराया वसूला। जबकि रोडवेज में लगभग 78 रुपये लिए जाते हैं। सर्वाधिक डग्गेमारी गोवर्धन जाने वाले श्रद्धालुओं से की गई। गोवर्धन के लिए श्रद्धालुओं से 50 रुपये तक का किराया वसूला गया।
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जानकारी रहे डग्गेमार वाहनों को रोकने के लिए एआरटीओ प्रवर्तन की टीम तैनात रहती हैं लेकिन इनके द्वारा डग्गेमार वाहनों को रोकने की कोई कार्रवाई नहीं की है। एआरटीओ प्रशासन बबिता वर्मा ने बताया कि सड़क पर केवल पंजीकृत वाहन और रोडवेज वाहन ही सवारियों को उठा सकते हैं। बाकी सभी वाहन डग्गेमार की श्रेणी में आते हैं।
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दीपावली के त्योहार पर रोडवेज ने नियमित बसों की ही व्यवस्था की थी। इसके चलते आने-जाने वालों का अतिरिक्त दबाव बढ़ने पर व्यवस्थाएं दम तोड़ गई। ऐसे में डग्गेमार वाहन अधिक मात्रा में सक्रिय हो गए। डग्गेमार वाहनों में प्राइवेट बस, टाटा मैजिक के अलावा हाईवे पर अन्य राज्यों की प्राइवेट बसों ने भी सवारियों को ढोया।
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डग्गेमार वाहनों द्वारा आगरा तक के लिए 100 रुपये तक का किराया वसूला। जबकि रोडवेज में लगभग 78 रुपये लिए जाते हैं। सर्वाधिक डग्गेमारी गोवर्धन जाने वाले श्रद्धालुओं से की गई। गोवर्धन के लिए श्रद्धालुओं से 50 रुपये तक का किराया वसूला गया।
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जानकारी रहे डग्गेमार वाहनों को रोकने के लिए एआरटीओ प्रवर्तन की टीम तैनात रहती हैं लेकिन इनके द्वारा डग्गेमार वाहनों को रोकने की कोई कार्रवाई नहीं की है। एआरटीओ प्रशासन बबिता वर्मा ने बताया कि सड़क पर केवल पंजीकृत वाहन और रोडवेज वाहन ही सवारियों को उठा सकते हैं। बाकी सभी वाहन डग्गेमार की श्रेणी में आते हैं।