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मथुरा: मैंने रंग ली आज चुनरिया आका तोरे रंग में...
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मथुरा। हजरत बू अली शाह कलंदर के आस्थाने पर 57वें सालाना उर्स समारोह में चादर पोशी करते सूफी संत एवं
- फोटो : VRINDAVAN
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मथुरा। हजरत बू अली शाह कलंदर के आस्थाने जयसिंह पुरा गणेश टीले के समीप हयातनगर में तीन दिवसीय 57वां सालाना उर्स समारोह संपन्न हुआ। कार्यक्रम के प्रारंभ में परंपरा अनुसार पोतरा कुंड के समीप हजरत उमरदराज बावड़ी वालों की मजार पर मेहंदी, डोरी, संदल, इत्र आदि पेश कर चादर पेश की गई। इसके पश्चात आस्थाने पर चादरपोशी का कार्यक्रम संपन्न हुआ। रात में महफिले शमा का आयोजन किया गया।
गुड्डू एवं रोहित द्वारा मैंने रंग ली आज चुनरिया आका तोरे रंग में..., इसके पश्चात चांद एवं अन्य श्रद्धालुओं द्वारा महबूब की महफिल को महबूब सजाते हैं, आते हैं वही जिनको सरकार बुलाते हैं, कलाम प्रस्तुत किया। इसी प्रकार 2 दिन कार्यक्रम का आयोजन हुआ। अंतिम तीसरे दिन कुल समारोह की रस्म अदायगी की गई। सभी श्रद्धालुओं पर केवड़ा, इत्र छिड़का गया। साथ ही कोरोना मुक्ति के लिए सामूहिक दुआएं की गईं।
आस्थाने के सज्जादे पीर सूफी बशीरुद्दीन उर्फ पप्पन मियां ने सभी सूफी संतों एवं श्रद्धालुओं का आभार व्यक्त किया। मुशीर बाबा, वकील, कन्हैया, राजा, कलीम, छोटे, सैयद साबिर, फरमान आदि उपस्थित थे।
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गुड्डू एवं रोहित द्वारा मैंने रंग ली आज चुनरिया आका तोरे रंग में..., इसके पश्चात चांद एवं अन्य श्रद्धालुओं द्वारा महबूब की महफिल को महबूब सजाते हैं, आते हैं वही जिनको सरकार बुलाते हैं, कलाम प्रस्तुत किया। इसी प्रकार 2 दिन कार्यक्रम का आयोजन हुआ। अंतिम तीसरे दिन कुल समारोह की रस्म अदायगी की गई। सभी श्रद्धालुओं पर केवड़ा, इत्र छिड़का गया। साथ ही कोरोना मुक्ति के लिए सामूहिक दुआएं की गईं।
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आस्थाने के सज्जादे पीर सूफी बशीरुद्दीन उर्फ पप्पन मियां ने सभी सूफी संतों एवं श्रद्धालुओं का आभार व्यक्त किया। मुशीर बाबा, वकील, कन्हैया, राजा, कलीम, छोटे, सैयद साबिर, फरमान आदि उपस्थित थे।
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