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स्कूल समय में पढ़ाई की जगह बच्चों से खुदवाई जा रही है घास

Amar Ujala Bureau अमर उजाला ब्यूरो
Updated Sat, 16 Oct 2021 09:03 PM IST
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Grass is being excavated from children instead of studying during school time
चौमुहां। शिक्षक बच्चों के भविष्य को दांव पर लगा कर शिक्षा के मंदिर में बच्चों से घास खोदवाएं तो कैसा होगा देश का भविष्य? आप स्वयं ही अंदाजा लगा सकते हैं। परिषदीय विद्यालयों में बच्चों से घास खोदवाई जा रही है।
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विकास खंड चौमुहां की ग्राम पंचायत नौगांव के मौजा नगला मौला के प्राथमिक विद्यालय में छात्र-छात्राओं के भविष्य के साथ खिलवाड़ किया जा रहा है। शिक्षक बच्चों से स्कूल समय में पढ़ाई की जगह घास खोदवा रहे हैं। गुरुजी अपनी कमर पर दोनों हाथ रख कर घास खोदाई रीयल्टी चैक कर रहे हैं। जब शिक्षकों से मीडियाकर्मियों ने पूछा कि साहब आपके विद्यालय में बच्चे स्कूल टाइम पढ़ाई करने की बजाय घास की खोदाई कर रहे हैं और आप खड़े हो कर देख रहे हैं।
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इतना कहते ही शिक्षक मीडियाकर्मियों पर भड़क गए और कहने लगे हमारे पास शिक्षा विभाग का आदेश है कि कोई मीडियाकर्मी स्कूल के अंदर नहीं आ सकता है। जहां बच्चों के हाथों में कलम होनी चाहिए वहां स्कूल की सफाई करने के लिए घास खोदवाई जाए तो साहब इसे क्या कहें? इसे लेकर अभिभावकों में रोष व्याप्त है।
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अमर सिंह, दीवान सिंह, तुलाराम, पवन कुमार, हरदेव आदि का कहना है कि अभी बारिश का मौसम समाप्त हुआ है।
घास-फूंस से कोई कीड़ा आदि बच्चों को काट सकता है। शिक्षकों को बच्चों से घास न खोदवा कर मजदूर लगाने चाहिए। इस संबंध में खंड शिक्षा अधिकारी संजय सिंह का कहना है कि उनके संज्ञान में मामला नहीं है। यदि कोई शिक्षक बच्चों से घास खोदवा रहा है तो उसके खिलाफ जांच कर कार्रवाई की जाएगी।
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