{"_id":"5ec3ce808ebc3e905107209c","slug":"congres-leader-ajay-kumar-lallu-mathura-political-mathura-news-agr4424635114","type":"story","status":"publish","title_hn":"सरकार मजदूरों की सेवा में रोड़ा अटकाने का काम कर रही है : लल्लू","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
सरकार मजदूरों की सेवा में रोड़ा अटकाने का काम कर रही है : लल्लू
विज्ञापन
पत्रकारों से वार्ता करते कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष अजय कुमार लल्लू, पूर्व विधायक प्रदीप माथुर ?
- फोटो : MATHURA
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
मथुरा। अपने घरों को पैदल जा रहे मजदूरों के लिए कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी की पहल पर भेजी गई बसों का मामला भाजपा और कांग्रेस के लिए राजनीतिक मुद्दा बनता जा रहा है। इसे लेकर कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष अजय कुमार लल्लू ने प्रदेश की योगी सरकार पर मजदूरों की सेवा में रोड़ा अटकाने का आरोप लगाया है। उन्होंने कहा कि बसों की जरूरत नोएडा और गाजियाबाद में है न कि लखनऊ में।
पूर्व विधायक प्रदीप माथुर के आवास पर पत्रकारों से बातचीत में प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष ने कहा कि कांग्रेस ने शुरू से ही मजदूरों के लिए भेजी जाने वाली बसों को नोएडा और गाजियाबाद भेजने का प्रस्ताव रखा था। इसके लिए प्रदेश सरकार ने दो दिन तक तो अनुमति ही नहीं दी। बाद में अनुमति दी भी तो बसों को लखनऊ भेजने को कहा गया है, जो कि अमानवीय है।
प्रदेश अध्यक्ष ने कहा कि वह मजदूरों के मुद्दे पर सरकार के साथ खड़े हैं, परंतु सरकार इस कार्य में रोड़ा बन रही है। जो मजदूर गाजियाबाद और नोएडा बॉर्डर पर फंसे हुए हैं, उनको मदद नहीं हो पा रही है। पहले उन्होंने हमें अनुमति ही नहीं दी और जब रात 12 बजे बसों की अनुमति दी तो इस शर्त पर कि बसों को लखनऊ लाया जाए। उन्होंने कहा कि रात के 12 बजे पत्र जारी करके बसों को लखनऊ बुलाने का क्या औचित्य है।
विज्ञापन
उन्होंने कहा कि सरकार जानबूझ कर बसों के नंबरों में हेरफेर करके गुमराह कर रही है। हमने बसों के नंबर ही दिए हैं। दो दिन पूर्व सभी बसें गोवर्धन के पास लगती राजस्थान सीमा से लौट गईं और अब हमारी बसेें फतेहपुर सीकरी बार्डर पर तैयार हैं। इस दौरान जिलाध्यक्ष दीपक चौधरी, महानगर अध्यक्ष उमेश शर्मा भी मौजूद रहे।
विज्ञापन
पूर्व विधायक प्रदीप माथुर के आवास पर पत्रकारों से बातचीत में प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष ने कहा कि कांग्रेस ने शुरू से ही मजदूरों के लिए भेजी जाने वाली बसों को नोएडा और गाजियाबाद भेजने का प्रस्ताव रखा था। इसके लिए प्रदेश सरकार ने दो दिन तक तो अनुमति ही नहीं दी। बाद में अनुमति दी भी तो बसों को लखनऊ भेजने को कहा गया है, जो कि अमानवीय है।
विज्ञापन
प्रदेश अध्यक्ष ने कहा कि वह मजदूरों के मुद्दे पर सरकार के साथ खड़े हैं, परंतु सरकार इस कार्य में रोड़ा बन रही है। जो मजदूर गाजियाबाद और नोएडा बॉर्डर पर फंसे हुए हैं, उनको मदद नहीं हो पा रही है। पहले उन्होंने हमें अनुमति ही नहीं दी और जब रात 12 बजे बसों की अनुमति दी तो इस शर्त पर कि बसों को लखनऊ लाया जाए। उन्होंने कहा कि रात के 12 बजे पत्र जारी करके बसों को लखनऊ बुलाने का क्या औचित्य है।
विज्ञापन
उन्होंने कहा कि सरकार जानबूझ कर बसों के नंबरों में हेरफेर करके गुमराह कर रही है। हमने बसों के नंबर ही दिए हैं। दो दिन पूर्व सभी बसें गोवर्धन के पास लगती राजस्थान सीमा से लौट गईं और अब हमारी बसेें फतेहपुर सीकरी बार्डर पर तैयार हैं। इस दौरान जिलाध्यक्ष दीपक चौधरी, महानगर अध्यक्ष उमेश शर्मा भी मौजूद रहे।