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Mathura News: पोर्टल पर समस्या के समाधान में जारी किया चरित्र प्रमाण-पत्र
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मथुरा। महावन तहसील क्षेत्र की नगर पंचायत गोकुल के चेयरमैन संजय दीक्षित ने क्षेत्र में विकास कार्यों के संबंध में शिकायत दर्ज कराई थी। प्रशासनिक अधिकारियों ने समाधान करते हुए पोर्टल पर चरित्र प्रमाण-पत्र जारी करने की गलत आख्या लगा दी।
गोकुल नगर पंचायत के चेयरमैन ने 14 जून को पोर्टल पर जिलाधिकारी शैलेंद्र कुमार को विकास कार्यों के संबंध में पत्र दिया। इसमें गोकुल के प्राचीन मुरलीधर घाट का सौंदर्यीकरण करने की मांग की गई थी। कहा गया की घाट पर लगभग 40 वर्ष से सीवर का गंदा पानी भर रहा है। नगर पंचायत के पांच नाले सीधे यमुना में गिर रहे हैं। इससे यमुना प्रदूषित हो रही है।
अपर जिलाधिकारी (वित्त एवं राजस्व) के कार्यालय से गलत आख्या लगा दी गई कि समस्या का निस्तारण कर दिया गया है। पोर्टल पर लिखा है कि आप का चरित्र प्रमाण-पत्र जारी कर दिया गया है। जब संजय दीक्षित ने पोर्टल पर संदर्भ संख्या डालकर आख्या देखी तो अचंभित रह गए। दीक्षित ने बताया कि उनके द्वारा विकास और मुरलीधर घाट की समस्या के समाधान की मांग को लेकर पत्र दिया गया था। चरित्र प्रमाण पत्र के लिए किसी भी कार्यालय में आवेदन नहीं किया गया था। एडीएम कार्यालय से गलत आख्या लगाकर समस्या का हल कर दिया है।
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प्रकरण की जांच कराई जाएगी। आईजीआरएस पोर्टल पर आने वाली शिकायतों के गंभीरता पूर्वक निस्तारण के आदेश सभी अधिकारियों को दिए हैं।
- शैलेंद्र कुमार सिंह, डीएम
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गोकुल नगर पंचायत के चेयरमैन ने 14 जून को पोर्टल पर जिलाधिकारी शैलेंद्र कुमार को विकास कार्यों के संबंध में पत्र दिया। इसमें गोकुल के प्राचीन मुरलीधर घाट का सौंदर्यीकरण करने की मांग की गई थी। कहा गया की घाट पर लगभग 40 वर्ष से सीवर का गंदा पानी भर रहा है। नगर पंचायत के पांच नाले सीधे यमुना में गिर रहे हैं। इससे यमुना प्रदूषित हो रही है।
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अपर जिलाधिकारी (वित्त एवं राजस्व) के कार्यालय से गलत आख्या लगा दी गई कि समस्या का निस्तारण कर दिया गया है। पोर्टल पर लिखा है कि आप का चरित्र प्रमाण-पत्र जारी कर दिया गया है। जब संजय दीक्षित ने पोर्टल पर संदर्भ संख्या डालकर आख्या देखी तो अचंभित रह गए। दीक्षित ने बताया कि उनके द्वारा विकास और मुरलीधर घाट की समस्या के समाधान की मांग को लेकर पत्र दिया गया था। चरित्र प्रमाण पत्र के लिए किसी भी कार्यालय में आवेदन नहीं किया गया था। एडीएम कार्यालय से गलत आख्या लगाकर समस्या का हल कर दिया है।
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प्रकरण की जांच कराई जाएगी। आईजीआरएस पोर्टल पर आने वाली शिकायतों के गंभीरता पूर्वक निस्तारण के आदेश सभी अधिकारियों को दिए हैं।
- शैलेंद्र कुमार सिंह, डीएम