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दोपहर खस का बंगला, शाम फूलों की ठंडक
ब्यूरो, अमर उजाला मथुरा
Updated Wed, 08 Jun 2016 12:07 AM IST
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गिरिराज मंदिर
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भीषण गर्मी की तपिश से इंसान ही नहीं भगवान भी व्याकुल हैं। मथुरा के मंदिरों में भगवान को गर्मी से बचाने के सेवायतों द्वारा इंतजाम किए जा रहे हैं। कहीं एसी, कूलर तो कहीं शीतल चंदन अभिषेक और ठंडे पदार्थों के भोग लगाकर आराध्य को तपिश से बचाने की कोशिश हो रही है।
जतीपुरा स्थित प्रसिद्ध गिरिराज मुखारबिंद मंदिर पर गिरिराज प्रभु को गर्मी से बचाने के लिए दोपहर में खस का खास बंगला बनाया गया है। वहीं शाम को फूलों की ठंडक ठाकुरजी को प्रदान की जाती है। मुखारबिंद मंदिर के सेवायत अशोक मुखिया ने बताया कि गर्मी में ठाकुरजी की शिला पर चंदन लेप करके गुलाब जल का अभिषेक कराया जाता है।
शाम को फूल बंगले में फूलों की ठंडक दी जाती है। खस के बंगले की खास ठंडक अक्षय तीज से शुरू करके रथयात्रा तक दो माह दी जाती है। वहीं गोवर्धन के दान घाटी मंदिर, मानसी गंगा मुखारबिंद मंदिर में एसी, कूलर सहित चंदन लेप से ठाकुरजी को गर्मी से बचाया जा रहा है।
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जतीपुरा स्थित प्रसिद्ध गिरिराज मुखारबिंद मंदिर पर गिरिराज प्रभु को गर्मी से बचाने के लिए दोपहर में खस का खास बंगला बनाया गया है। वहीं शाम को फूलों की ठंडक ठाकुरजी को प्रदान की जाती है। मुखारबिंद मंदिर के सेवायत अशोक मुखिया ने बताया कि गर्मी में ठाकुरजी की शिला पर चंदन लेप करके गुलाब जल का अभिषेक कराया जाता है।
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शाम को फूल बंगले में फूलों की ठंडक दी जाती है। खस के बंगले की खास ठंडक अक्षय तीज से शुरू करके रथयात्रा तक दो माह दी जाती है। वहीं गोवर्धन के दान घाटी मंदिर, मानसी गंगा मुखारबिंद मंदिर में एसी, कूलर सहित चंदन लेप से ठाकुरजी को गर्मी से बचाया जा रहा है।
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