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Mathura News: बाराबंकी किशोर संप्रेषण गृह में भी किशोरियों पर रहेगी नजर, एकसाथ नहीं रहेंगी
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वृंदावन। राजकीय बाल गृह बालिका में 14 वर्षीय किशोरी की हत्या की आरोपी दोनों किशोरियों पर बाराबंकी के किशोर संप्रेषण गृह में भी नजर रहेगी। दोनों आरोपी किशोरियों को अलग-अलग कमरों में रखा जाएगा। पुलिस ने किशोर न्याय बोर्ड से किशोरियों को अलग-अलग कमरों में रखने की सिफारिश की है।
इस मामले से जुड़े अधिकारियों ने बताया कि वारदात में शामिल किशोरियों को बाराबंकी के किशोर संप्रेषण गृह भेजने के साथ-साथ उनसे जुड़ी हर जानकारी भी वहां भेजी गई है। इसके साथ ही दोनों किशोरियों के व्यवहार और गतिविधियों पर निगरानी बढ़ाने के लिए बोर्ड ने अधिकारियों को निर्देश दिए हैं।
बाराबंकी के किशोर संप्रेषण गृह में सुरक्षा व्यवस्था के लिए भी कर्मचारियों को सतर्क किया गया है। बोर्ड के निर्देशों के अनुसार किशोरियों की दिनचर्या, आपसी मेलजोल और अन्य गतिविधियों की निगरानी की जाएगी। हालांकि, किशोरियों के अधिकारों और किशोर न्याय अधिनियम के प्रावधानों का पालन करने के भी निर्देश दिए गए हैं।
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पुलिस का कहना है कि दोनों किशोरियों से मिलने के लिए कोई परिजन नहीं आया। दोनों ने घटना को छुपाने और साक्ष्य को मिटाने में कोई कसर नहीं छोड़ी थी। हत्या के बाद किशोरी को बहन बताकर हंगामा करना और साथियों को भड़काना उनके मकसद को संदिग्ध बना रहा है।
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इस मामले से जुड़े अधिकारियों ने बताया कि वारदात में शामिल किशोरियों को बाराबंकी के किशोर संप्रेषण गृह भेजने के साथ-साथ उनसे जुड़ी हर जानकारी भी वहां भेजी गई है। इसके साथ ही दोनों किशोरियों के व्यवहार और गतिविधियों पर निगरानी बढ़ाने के लिए बोर्ड ने अधिकारियों को निर्देश दिए हैं।
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बाराबंकी के किशोर संप्रेषण गृह में सुरक्षा व्यवस्था के लिए भी कर्मचारियों को सतर्क किया गया है। बोर्ड के निर्देशों के अनुसार किशोरियों की दिनचर्या, आपसी मेलजोल और अन्य गतिविधियों की निगरानी की जाएगी। हालांकि, किशोरियों के अधिकारों और किशोर न्याय अधिनियम के प्रावधानों का पालन करने के भी निर्देश दिए गए हैं।
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पुलिस का कहना है कि दोनों किशोरियों से मिलने के लिए कोई परिजन नहीं आया। दोनों ने घटना को छुपाने और साक्ष्य को मिटाने में कोई कसर नहीं छोड़ी थी। हत्या के बाद किशोरी को बहन बताकर हंगामा करना और साथियों को भड़काना उनके मकसद को संदिग्ध बना रहा है।