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सताने वालों की ‘क्लास’ लगवाएंगे नौनिहाल
Mathura
Updated Thu, 17 Oct 2013 05:37 AM IST
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अमर उजाला एक्सक्लूसिव
मथुरा। बच्चों का उत्पीड़न करने वालों की अब खैर नहीं। अब इस उत्पीड़न की शिकायत चाइल्ड हेल्पलाइन के जरिए टोल फ्री नंबर पर शीघ्र ही की जा सकेगी। इस नंबर पर कोई भी बच्चा अथवा व्यक्ति उत्पीड़न संबंधी शिकायतें दर्ज करा सकेगा। जनपद में चाइल्ड हेल्पलाइन खोलने की कोशिशें शुरू हो चुकीं हैं। इस क्रम में कुछ एनजीओ ने आवेदन भी किए हैं।
महानगरों में बच्चों के साथ घरेलू हिंसा अथवा सार्वजनिक उपक्रमों में बच्चों के उत्पीड़न को रोकने के लिए चाइल्ड हेल्पलाइन मौजूद हैं। इनमें कोई भी बच्चा अथवा व्यक्ति शिकायत दर्ज करा सकता है। अब जनपद में भी चाइल्ड हेल्पलाइन खुलने जा रही है। राष्ट्रीय बाल अधिकार एवं संरक्षण आयोग ने इसके निर्देश जारी कर दिए हैं। पिछले दिनों दौरे पर आए आयोग के सदस्य योगेश दुबे ने चाइल्ड हेल्पलाइन खोले जाने के निर्देश दिए थे। इसके बाद प्रशासनिक स्तर पर इसकी तैयारियां शुरू हो गई हैं। जिला प्रोबेशन अधिकारी ओपी यादव ने स्वीकार किया कि हेल्पलाइन के लिए एनजीओ से संपर्क किया जा रहा है। आवेदन आने भी शुरू हो गए हैं।
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मानव संसाधन मंत्रालय से लेनी होगी अनुमति
हेल्पलाइन खोले जाने की इच्छुक एनजीओ को मानव संसाधन मंत्रालय से अनुमति लेनी होगी। जिला स्तर पर उसका आवेदन स्वीकार करने के बाद इसे अनुमति के लिए मंत्रालय भेजा जाएगा।
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ऐसा होगा हेल्पलाइन का स्वरूप
चाइल्ड हेल्पलाइन में कुछ टोल फ्री नंबर होंगे। इसमें राउंड द क्लॉक आपरेटरों की व्यवस्था होगी। शिकायत मिलते ही आपरेटर संबंधित विभाग को रैफर कर देगा। इसके बाद उक्त विभाग अपने स्तर से शिकायत की गंभीरता को परखते हुए कार्रवाई करेगा।
मथुरा। बच्चों का उत्पीड़न करने वालों की अब खैर नहीं। अब इस उत्पीड़न की शिकायत चाइल्ड हेल्पलाइन के जरिए टोल फ्री नंबर पर शीघ्र ही की जा सकेगी। इस नंबर पर कोई भी बच्चा अथवा व्यक्ति उत्पीड़न संबंधी शिकायतें दर्ज करा सकेगा। जनपद में चाइल्ड हेल्पलाइन खोलने की कोशिशें शुरू हो चुकीं हैं। इस क्रम में कुछ एनजीओ ने आवेदन भी किए हैं।
महानगरों में बच्चों के साथ घरेलू हिंसा अथवा सार्वजनिक उपक्रमों में बच्चों के उत्पीड़न को रोकने के लिए चाइल्ड हेल्पलाइन मौजूद हैं। इनमें कोई भी बच्चा अथवा व्यक्ति शिकायत दर्ज करा सकता है। अब जनपद में भी चाइल्ड हेल्पलाइन खुलने जा रही है। राष्ट्रीय बाल अधिकार एवं संरक्षण आयोग ने इसके निर्देश जारी कर दिए हैं। पिछले दिनों दौरे पर आए आयोग के सदस्य योगेश दुबे ने चाइल्ड हेल्पलाइन खोले जाने के निर्देश दिए थे। इसके बाद प्रशासनिक स्तर पर इसकी तैयारियां शुरू हो गई हैं। जिला प्रोबेशन अधिकारी ओपी यादव ने स्वीकार किया कि हेल्पलाइन के लिए एनजीओ से संपर्क किया जा रहा है। आवेदन आने भी शुरू हो गए हैं।
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मानव संसाधन मंत्रालय से लेनी होगी अनुमति
हेल्पलाइन खोले जाने की इच्छुक एनजीओ को मानव संसाधन मंत्रालय से अनुमति लेनी होगी। जिला स्तर पर उसका आवेदन स्वीकार करने के बाद इसे अनुमति के लिए मंत्रालय भेजा जाएगा।
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ऐसा होगा हेल्पलाइन का स्वरूप
चाइल्ड हेल्पलाइन में कुछ टोल फ्री नंबर होंगे। इसमें राउंड द क्लॉक आपरेटरों की व्यवस्था होगी। शिकायत मिलते ही आपरेटर संबंधित विभाग को रैफर कर देगा। इसके बाद उक्त विभाग अपने स्तर से शिकायत की गंभीरता को परखते हुए कार्रवाई करेगा।