{"_id":"587128fe4f1c1b0b321594f6","slug":"surya-philosophy-of-people-trse","type":"story","status":"publish","title_hn":"सूर्यदेव के दर्शन को तरसे लोग","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
सूर्यदेव के दर्शन को तरसे लोग
अमर उजाला ब्यूरो मैनपुरी
Updated Sat, 07 Jan 2017 11:25 PM IST
विज्ञापन
सूर्यदेव के दर्शन को तरसे लोग
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
शनिवार को सूर्यदेव के दर्शन को लोग तरस गए। सुबह से ही आसमान में छाए बादल देर शाम तक नहीं छटे। बादल छाए रहने और सर्द हवाएं चलने से ठंड और बढ़ गई। मौसम के रुख को देख बारिश होने के कयास लगाए जा रहे हैं। न्यूनतम तापमान 11 डिग्री सेल्सियस और अधिकतम तापमान 18.3 डिग्री सेल्सियस रहा।
शनिवार को कोहरा भले ही नहीं रहा हो लेकिन आसमान पर पूरे दिन छाए रहे बादलों और सर्द हवाओं ने ठिठुरन भरी सर्दी पैदा कर दी है। कई बार लगा कि बारिश होगी लेकिन बारिश तो नहीं हुई पर सर्दी और बढ़ गई। सर्दी से बुजुर्गों का हाल और भी बुरा है। बच्चों की तो जैसे आफत ही आ गई है। गलन भरी सर्दी के बीच बच्चों से घरों से निकलने ही नहीं दिया जा रहा है। वहीं आम आदमी भी बर्फीली हवाओं के बीच घरों में कैद रहने को विवश हो गया है।
सुबह-शाम के समय लोग अलाव का सहारा लिए नजर आए। बाजारों में भी सर्दी का साफ असर दिखाई देने लगा है। जहां बाजार अब देर से खुल रहे हैं, वहीं जल्दी ही बंद हो रहे हैं। बाजारों में दोपहर के समय ही रौनक नजर आती है। सुबह और शाम के समय ग्राहकों के न आने से दो-चार दुकानदार मिलकर आग जलाकर तापते या मूंगफली खाते नजर आते हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन
शनिवार को कोहरा भले ही नहीं रहा हो लेकिन आसमान पर पूरे दिन छाए रहे बादलों और सर्द हवाओं ने ठिठुरन भरी सर्दी पैदा कर दी है। कई बार लगा कि बारिश होगी लेकिन बारिश तो नहीं हुई पर सर्दी और बढ़ गई। सर्दी से बुजुर्गों का हाल और भी बुरा है। बच्चों की तो जैसे आफत ही आ गई है। गलन भरी सर्दी के बीच बच्चों से घरों से निकलने ही नहीं दिया जा रहा है। वहीं आम आदमी भी बर्फीली हवाओं के बीच घरों में कैद रहने को विवश हो गया है।
विज्ञापन
सुबह-शाम के समय लोग अलाव का सहारा लिए नजर आए। बाजारों में भी सर्दी का साफ असर दिखाई देने लगा है। जहां बाजार अब देर से खुल रहे हैं, वहीं जल्दी ही बंद हो रहे हैं। बाजारों में दोपहर के समय ही रौनक नजर आती है। सुबह और शाम के समय ग्राहकों के न आने से दो-चार दुकानदार मिलकर आग जलाकर तापते या मूंगफली खाते नजर आते हैं।
विज्ञापन