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भागवत कथा के आयोजकों को थमाए नोटिस
अमर उजाला ब्यूरो, मैनपुरी
Updated Tue, 04 Oct 2016 11:40 PM IST
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नोटिस
- फोटो : demo pic
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नगर के शंकर मंदिर पर चल रही भागवत कथा का मामला तूल पकड़ता जा रहा है। सोमवार रात एसडीएम के आदेश पर सभी आयोजकों को नोटिस थमा दिए गए। मंगलवार को उक्त लोगों ने जवाब दिया लेकिन एसडीएम अमित सिंह उससे संतुष्ट नहीं हुए। तय हुआ कि मौके पर बनाए गए वीडियो को देखने के बाद फिर से नोटिस जारी किए जाएंगे उसके बाद आगे की कार्रवाई होगी।
उल्लेखनीय है कि प्रशासनिक अधिकारियों के मना करने के बाद भी श्रीमद्भागवत कथा कराई गई। सोमवार की देर शाम चिन्हित नगरवासियों को एसडीएम ने नोटिस भेजे। इन्हें देर रात थानाध्यक्ष ने पुलिस बल के साथ सभी के घर जाकर तामील कराया। जिन्हें नोटिस जारी किए गए उनमें सुधीर गुप्ता, बॉबी भदौरिया, आदेश गुप्ता, रमाकांत मिश्रा शामिल हैं। सभी ने मंगलवार की सुबह तहसील दिवस पर जाकर बताया कि कार्यक्रम हम लोग नहीं कर रहे हैं। यह किसी अन्य का व्यक्तिगत कार्यक्रम हैं। एसडीएम अमित सिंह का कहना है कि उनका जवाब ऐसा नहीं है कि उससे संतुष्ट हुआ जा सके। इसके लिए मौके पर कराई गई वीडियोग्राफी को देखने के बाद उक्त लोगों को फिर से नोटिस जारी किए जाएंगे उसके बाद आगे की कार्रवाई होगी। इससे किशनी में हड़कंप मच गया है।
वहीं इस सब के बीच मंगलवार को भी भागवत कथा चलती रही। इस दौरान बड़ी संख्या में लोग उपस्थित थे।
बड़ी संख्या में लोग किए पाबंद
मैनपुरी। पहले कव्वाली और तकरीर का कार्यक्रम रद्द होने और उसके बाद भागवत कथा का आयोजन को लेकर किशनी में सांप्रदायिक तनाव चरम पर है। पहले भागवत कथा के आयोजकों ने प्रार्थना पत्र देकर कव्वाली का कार्यक्रम निरस्त कराया था। उसके बाद दूसरे पक्ष ने कलक्ट्रेट पर अधिकारियों से मुलाकात कर भागवत कथा के आयोजन पर सवालिया निशान लगाया था। इसके बाद भागवत कथा निरस्त करने के निर्देश अधिकारियों ने दिए थे। दोनों पर अंकुश लगाने के लिए एसडीएम ने बढ़ी संख्या में दोनों ही पक्षों को पांच-पांच लाख के मुचलके पर पाबंद कर दिया है। जिन लोगों को पाबंद किया गया है उनमें एक पक्ष के सत्तार, सलीम खां, जलील खां, शकीर अहमद, अफरोज, नूर खां समेत 13 लोग शामिल हैं।
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उल्लेखनीय है कि प्रशासनिक अधिकारियों के मना करने के बाद भी श्रीमद्भागवत कथा कराई गई। सोमवार की देर शाम चिन्हित नगरवासियों को एसडीएम ने नोटिस भेजे। इन्हें देर रात थानाध्यक्ष ने पुलिस बल के साथ सभी के घर जाकर तामील कराया। जिन्हें नोटिस जारी किए गए उनमें सुधीर गुप्ता, बॉबी भदौरिया, आदेश गुप्ता, रमाकांत मिश्रा शामिल हैं। सभी ने मंगलवार की सुबह तहसील दिवस पर जाकर बताया कि कार्यक्रम हम लोग नहीं कर रहे हैं। यह किसी अन्य का व्यक्तिगत कार्यक्रम हैं। एसडीएम अमित सिंह का कहना है कि उनका जवाब ऐसा नहीं है कि उससे संतुष्ट हुआ जा सके। इसके लिए मौके पर कराई गई वीडियोग्राफी को देखने के बाद उक्त लोगों को फिर से नोटिस जारी किए जाएंगे उसके बाद आगे की कार्रवाई होगी। इससे किशनी में हड़कंप मच गया है।
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वहीं इस सब के बीच मंगलवार को भी भागवत कथा चलती रही। इस दौरान बड़ी संख्या में लोग उपस्थित थे।
बड़ी संख्या में लोग किए पाबंद
मैनपुरी। पहले कव्वाली और तकरीर का कार्यक्रम रद्द होने और उसके बाद भागवत कथा का आयोजन को लेकर किशनी में सांप्रदायिक तनाव चरम पर है। पहले भागवत कथा के आयोजकों ने प्रार्थना पत्र देकर कव्वाली का कार्यक्रम निरस्त कराया था। उसके बाद दूसरे पक्ष ने कलक्ट्रेट पर अधिकारियों से मुलाकात कर भागवत कथा के आयोजन पर सवालिया निशान लगाया था। इसके बाद भागवत कथा निरस्त करने के निर्देश अधिकारियों ने दिए थे। दोनों पर अंकुश लगाने के लिए एसडीएम ने बढ़ी संख्या में दोनों ही पक्षों को पांच-पांच लाख के मुचलके पर पाबंद कर दिया है। जिन लोगों को पाबंद किया गया है उनमें एक पक्ष के सत्तार, सलीम खां, जलील खां, शकीर अहमद, अफरोज, नूर खां समेत 13 लोग शामिल हैं।
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