फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Mahoba News ›   Watermelon and melon crops grown on the plateaus of Bundelkhand

Mahoba News: बुंदेलखंड की पठारी धरती पर लहलहाएगी तरबूज और खरबूजे की फसल

Tue, 25 Nov 2025 11:53 PM IST
Kanpur	 Bureau कानपुर ब्यूरो
Updated Tue, 25 Nov 2025 11:53 PM IST
विज्ञापन
Watermelon and melon crops grown on the plateaus of Bundelkhand
महोबा। बुंदेलखंड की पठारी धरती पर अब तरबूज और खरबूजे की फसल लहलहाएगी। खास बात यह है कि महोबा के बाजार में यह फल अपने निर्धारित समय से दो माह पहले फरवरी माह में आ जाएंगे। यह सब संभव होने जा रहा है हाईटेक नर्सरी से। नर्सरी में तरबूज व खरबूजे के 90 हजार पौध तैयार किए जाएंगे। इसके बाद उन्हें किसानों को सौंपा जाएगा।
विज्ञापन

उद्यान विभाग की ओर से कृषि विज्ञान केंद्र बेलाताल में डेढ़ करोड़ रुपये की लागत से हाईटेक नर्सरी तैयार की गई है। यहां हाईब्रिड तरीके से पौधे तैयार किए जा रहे हैं। नर्सरी का तापमान पौधों की जरूरत के हिसाब से रखा जाता है। ऐसे में किसी भी मौसम में सब्जियों और फलों के पौध तैयार किए जा सकते हैं। आमतौर पर बाजार में तरबूज व खरबूजे का फल अप्रैल माह में आता है लेकिन हाईटेक नर्सरी में तरबूज और खरबूजे के पौध तैयार किए जाने की तैयारी शुरू कर दी गई है। माह जनवरी तक नर्सरी में तरबूज व खरबूजे के पौध तैयार हो जाएंगे। इसके बाद उन्हें किसानों को सौंपा जाएगा। ताकि वह पौधों को खेतों में लगा सकें। माह फरवरी में तरबूज और खरबूजे के फल आना शुरू हो जाएंगे। ऐसे में ऑफ सीजन में ही महोबा के बाजार में खरबूजे व तरबूज का फल ग्राहकों के लिए उपलब्ध हो जाएगा।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed