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Mahoba News: चुनावी घोषणा पत्र में शामिल हो बुंदेलखंड राज्य निर्माण का मुद्दा
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महोबा। लोकसभा चुनाव में बुंदेलखंड का मुद्दा सभी प्रमुख राजनीतिक दलों से चुनावी घोषणा पत्र में शामिल करने की मांग बुंदेली समाज ने की है। ताकि, बुंदेलखंड जैसे अति पिछड़े क्षेत्र का भी विकास हो सके।
बुंदेलखंड राज्य निर्माण की मांग को लेकर बुंदेली समाज के संयोजक तारा पाटकर ने भाजपा चुनाव घोषणा समिति के अध्यक्ष राजनाथ सिंह, कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे, सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव और बसपा प्रमुख मायावती को मंगलवार को सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स के माध्यम से पत्र भेजा है। जिसमें लिखा कि यूपी और एमपी के बीच वर्ष 1956 से पिस रहे बुंदेलखंड क्षेत्र को अलग राज्य का दर्जा दिलाया जाए। पिछले 68 साल से बुंदेलों के साथ हो रहे अन्याय से मुक्ति दिलाई जाए।
वैसे भी भाजपा, कांग्रेस और बसपा जैसे सभी प्रमुख दल छोटे राज्य निर्माण की पक्षधर रहे हैं। बुंदेलखंड में हमीरपुर-महोबा-तिंदवारी सांसद पुष्पेंद्र सिंह चंदेल भी संसद में लगातार बुंदेलखंड राज्य का मुद्दा उठाते रहे हैं। यूपी विधानसभा में भी बुंदेलखंड के सभी विधायक एक साथ यह मुद्दा उठा चुके हैं। बुंदेली समाज के संयोजक ने कहा कि जब तक बुंदेलखंड राज्य नहीं बनेगा, इस क्षेत्र का समग्र विकास संभव नहीं है।
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बुंदेलखंड राज्य निर्माण की मांग को लेकर बुंदेली समाज के संयोजक तारा पाटकर ने भाजपा चुनाव घोषणा समिति के अध्यक्ष राजनाथ सिंह, कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे, सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव और बसपा प्रमुख मायावती को मंगलवार को सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स के माध्यम से पत्र भेजा है। जिसमें लिखा कि यूपी और एमपी के बीच वर्ष 1956 से पिस रहे बुंदेलखंड क्षेत्र को अलग राज्य का दर्जा दिलाया जाए। पिछले 68 साल से बुंदेलों के साथ हो रहे अन्याय से मुक्ति दिलाई जाए।
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वैसे भी भाजपा, कांग्रेस और बसपा जैसे सभी प्रमुख दल छोटे राज्य निर्माण की पक्षधर रहे हैं। बुंदेलखंड में हमीरपुर-महोबा-तिंदवारी सांसद पुष्पेंद्र सिंह चंदेल भी संसद में लगातार बुंदेलखंड राज्य का मुद्दा उठाते रहे हैं। यूपी विधानसभा में भी बुंदेलखंड के सभी विधायक एक साथ यह मुद्दा उठा चुके हैं। बुंदेली समाज के संयोजक ने कहा कि जब तक बुंदेलखंड राज्य नहीं बनेगा, इस क्षेत्र का समग्र विकास संभव नहीं है।
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