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किसान ने ट्रेन से कटकर दी जान
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मृतक किसान अमर सिंह की फाइल फोटो।
- फोटो : MAHOBA
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बेलाताल (महोबा)। झांसी-मानिकपुर रेलवे ट्रेक पर कस्बा जैतपुर के समीप फसल बर्बाद होने और क्षतिपूर्ति न मिलने से परेशान किसान ने ट्रेन से कटकर जान दे दी। घटना से परिजनों में कोहराम मच गया। साहूकारों से कर्ज लेकर मृतक ने छह दिन पहले बेटी की शादी की थी। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा है।
कस्बा जैतपुर के मोहल्ला खंदिया निवासी अमर सिंह (55) खेती-किसानी करके परिवार का भरण-पोषण करता था। खरीफ के बाद रबी फसल भी ओलावृष्टि व अतिवृष्टि से बर्बाद हो गई। जिसके बाद किसान ने साहूकारों से कर्ज लेकर 18 फरवरी को बेटी विमलेश की शादी की थी। बुधवार की देर शाम अमर सिंह खाना खाने के बाद घर से निकल गया। सुबह उसका शव रेलवे ट्रैक पर ट्रेन से कटा मिला।
मृतक के पुत्र सुनील व भतीजे शरद ने बताया कि खरीफ फसल के दौरान उर्द-मूंग बोई थी लेकिन फसल बर्बाद हो गई थी। जिसका आजतक मुआवजा नहीं मिला। इस बार रबी फसल में मटर व गेहूं की फसल अतिवृष्टि व ओलावृष्टि के चलते खेतों में पानी भरने से बर्बाद हो गई। जिसका मुआवजा मिलने की उम्मीद थी। मुआवजा न मिलने पर साहूकारों से कर्ज लेकर बेटी की शादी की थी। फसल बर्बाद होने और कर्ज अदायगी को लेकर वह परेशान रहते थे। जिसके चलते ट्रेन से कटकर आत्महत्या कर ली। घटना से परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल रहा।
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तहसीलदार कुलपहाड़ संजीव राय का कहना कि लेखपाल को भेजकर जांच कराई गई है। लेखपाल की रिपोर्ट के आधार पर प्रथम दृष्टया पारिवारिक कलह का मामला प्रतीत होता है।
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कस्बा जैतपुर के मोहल्ला खंदिया निवासी अमर सिंह (55) खेती-किसानी करके परिवार का भरण-पोषण करता था। खरीफ के बाद रबी फसल भी ओलावृष्टि व अतिवृष्टि से बर्बाद हो गई। जिसके बाद किसान ने साहूकारों से कर्ज लेकर 18 फरवरी को बेटी विमलेश की शादी की थी। बुधवार की देर शाम अमर सिंह खाना खाने के बाद घर से निकल गया। सुबह उसका शव रेलवे ट्रैक पर ट्रेन से कटा मिला।
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मृतक के पुत्र सुनील व भतीजे शरद ने बताया कि खरीफ फसल के दौरान उर्द-मूंग बोई थी लेकिन फसल बर्बाद हो गई थी। जिसका आजतक मुआवजा नहीं मिला। इस बार रबी फसल में मटर व गेहूं की फसल अतिवृष्टि व ओलावृष्टि के चलते खेतों में पानी भरने से बर्बाद हो गई। जिसका मुआवजा मिलने की उम्मीद थी। मुआवजा न मिलने पर साहूकारों से कर्ज लेकर बेटी की शादी की थी। फसल बर्बाद होने और कर्ज अदायगी को लेकर वह परेशान रहते थे। जिसके चलते ट्रेन से कटकर आत्महत्या कर ली। घटना से परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल रहा।
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तहसीलदार कुलपहाड़ संजीव राय का कहना कि लेखपाल को भेजकर जांच कराई गई है। लेखपाल की रिपोर्ट के आधार पर प्रथम दृष्टया पारिवारिक कलह का मामला प्रतीत होता है।