Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Mahoba ›   Loved ones gave pain, made parents homeless

कलयुगी पुत्र ने वृद् माता-पिता को पीटकर घर से निकाला

Kanpur	 Bureau कानपुर ब्यूरो
Updated Fri, 22 Oct 2021 11:27 PM IST
जंगल में झोपड़ी बनाकर रहते वृद्घ माता-पिता।
जंगल में झोपड़ी बनाकर रहते वृद्घ माता-पिता। - फोटो : MAHOBA
विज्ञापन
ख़बर सुनें
पनवाड़ी (महोबा)। थाना पनवाड़ी के नगाराघाट गांव में कलयुगी पुत्र ने वृद्घ मां-बाप को पीटकर घर से निकाल दिया। 15 दिन से दंपती जंगल में झोपड़ी बनाकर रहने को मजबूर है। चौकी से लेकर थाना व तहसील समाधान दिवस में शिकायत की लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई। वृद्ध दंपती की हालत देखकर ग्रामीण उनके खाने-पीने की व्यवस्था कर रहे हैं।
विज्ञापन

नगाराघाट गांव निवासी 85 वर्षीय कालका राजपूत 15 बीघा भूमि में खेती-किसानी करता है। वृद्धावस्था के चलते उसने बेटे के नाम जमीन कर दी थी। इसके बाद से पुत्र पूरन व बहू राजेंद्र कुमारी वृद्घ मां-बाप को प्रताड़ित करने लगे। एक पखवारे पहले बेटे ने मां-बाप खाना देने से इनकार कर दिया और मारपीट करते हुए घर से बाहर निकाल दिया। दोबारा घर में कदम रखने पर अंजाम भुगतने की धमकी दी। उत्पीड़न से परेशान दंपती ने नगाराघाट चौकी, थाना व तहसील दिवस में शिकायत की लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई। जिसे वृद्ध दंपती जंगल में झोपड़ी बनाकर रहने को मजबूर है।

वृद्घ कालका राजपूत ने बताया कि बेटे-बहू ने उन्हें कई दिन खाने को नहीं दिया। कई बार आरजू-मिन्नत की लेकिन उनका दिल नहीं पसीजा। बताया कि ग्रामीण आटा, चावल व सब्जी दे जाते हैं। जिससे वह अपनी गुजर-बसर कर रहे हैं। जंगल में दिनरात उन्हें जंगली जानवरों का डर सताता रहता है।

आपकी राय हमारे लिए महत्वपूर्ण है। खबरों को बेहतर बनाने में हमारी मदद करें।

खबर में दी गई जानकारी और सूचना से आप संतुष्ट हैं?
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
  • Downloads
    News Stand

Follow Us

  • Facebook Page
  • Twitter Page
  • Youtube Page
  • Instagram Page
  • Telegram
एप में पढ़ें

प्रिय पाठक

कृपया अमर उजाला प्लस के अनुभव को बेहतर बनाने में हमारी मदद करें।
डेली पॉडकास्ट सुनने के लिए सब्सक्राइब करें

क्लिप सुनें

00:00
00:00