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अधिग्रहीत भूमि के मुआवजे की मांग को लेकर किसानों ने किया प्रदर्शन
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मुआवजे की मांग को लेकर प्रदर्शन करते किसान
- फोटो : MAHOBA
महोबा। अर्जुन सहायक परियोजना के तहत किसानों की अधिग्रहीत की गई भूमि का छह साल बाद भी चार गुना मुआवजा न दिए जाने से नाराज किसानों ने मंगलवार को तहसील महोबा में प्रदर्शन किया।
ग्राम गंज, धरौन, कबरई, अलीपुरा के प्रताप, गनेश, संतोष कुमार, गंगाचरण, भागीरथ, जगन्नाथ, कामता, सीताराम, गोविंद, आशाराम, रमेश, चुन्नूलाल, राधारानी, दयारानी, कमला, रामआसरे, दिनेश सहित आधा सैकड़ा से ज्यादा किसानों ने मुख्यमंत्री को संबोधित ज्ञापन उपजिलाधिकारी सदर देवेंद्र सिंह को सौंपकर मुआवजा दिलाए जाने की मांग की। ज्ञापन में बताया कि किसानों की जमीन अर्जुन सहायक परियोजना के तहत वर्ष 2013-14 में अधिग्रहीत कर ली गई थी। जिसके एवज में क्षतिपूर्ति के लिए शासनादेश के तहत किसानों को पांच वर्ष की न्यूनतम मजदूरी के बराबर एकमुश्त धनराशि वित्तीय मदद के रूप में देय थी। जिसे नहीं दिया गया।
ज्ञापन में बताया कि लगभग छह साल पहले भूमि का रजिस्टर्ड बैनामा कराया गया था। उसका मुआवजा किसानों को अभी तक नहीं दिया गया जबकि सिंचाई विभाग के अधिकारियों ने बैनामा कराते समय चार गुना मुआवजा बढ़ने पर उन्हें भी शासन से बढ़ी हुई धनराशि उपलब्ध कराने के प्रति आश्वस्त किया था इसके साथ किसानों को चार गुना, कुआं व पेड़ों का मुआवजा भी नहीं मिला। ग्रामीणों ने चेतावनी दी कि अगर मुआवजा 15 दिन के अंदर नहीं दिया गया तो बांध में चल रहे निर्माण कार्य को रुकवा दिया जाएगा।
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ग्राम गंज, धरौन, कबरई, अलीपुरा के प्रताप, गनेश, संतोष कुमार, गंगाचरण, भागीरथ, जगन्नाथ, कामता, सीताराम, गोविंद, आशाराम, रमेश, चुन्नूलाल, राधारानी, दयारानी, कमला, रामआसरे, दिनेश सहित आधा सैकड़ा से ज्यादा किसानों ने मुख्यमंत्री को संबोधित ज्ञापन उपजिलाधिकारी सदर देवेंद्र सिंह को सौंपकर मुआवजा दिलाए जाने की मांग की। ज्ञापन में बताया कि किसानों की जमीन अर्जुन सहायक परियोजना के तहत वर्ष 2013-14 में अधिग्रहीत कर ली गई थी। जिसके एवज में क्षतिपूर्ति के लिए शासनादेश के तहत किसानों को पांच वर्ष की न्यूनतम मजदूरी के बराबर एकमुश्त धनराशि वित्तीय मदद के रूप में देय थी। जिसे नहीं दिया गया।
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ज्ञापन में बताया कि लगभग छह साल पहले भूमि का रजिस्टर्ड बैनामा कराया गया था। उसका मुआवजा किसानों को अभी तक नहीं दिया गया जबकि सिंचाई विभाग के अधिकारियों ने बैनामा कराते समय चार गुना मुआवजा बढ़ने पर उन्हें भी शासन से बढ़ी हुई धनराशि उपलब्ध कराने के प्रति आश्वस्त किया था इसके साथ किसानों को चार गुना, कुआं व पेड़ों का मुआवजा भी नहीं मिला। ग्रामीणों ने चेतावनी दी कि अगर मुआवजा 15 दिन के अंदर नहीं दिया गया तो बांध में चल रहे निर्माण कार्य को रुकवा दिया जाएगा।
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