फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Mahoba News ›   CIVIC

16.54 करोड़ से बनेगी कबरई पुनर्गठन पेयजल योजना

Sun, 03 Nov 2019 11:42 PM IST
Kanpur	 Bureau कानपुर ब्यूरो
Updated Sun, 03 Nov 2019 11:42 PM IST
विज्ञापन
CIVIC
स्कबरई (महोबा)। अब जल्द ही कबरई के एक दर्जन वार्डों को पेयजल समस्या से मुक्ति मिल सकेगी। कबरई पुनर्गठन पेयजल योजना के लिए 16.54 करोड़ रुपये की शासन से हरी झंडी मिलने के बाद जल निगम ने टेंडर निकालकर काम की अंतिम स्वीकृति दे दी है। योजना के तहत काम पूरा करने का लक्ष्य दो वर्ष निर्धारित किया गया है। अगले माह से काम शुरू होने से लोगों को पेयजल समस्या से निजात मिलने की उम्मीद जगी है।
विज्ञापन

कबरई पेयजल योजना का निर्माण कार्य वर्ष 1992-93 में जल निगम सिविल शाखा हमीरपुर ने कराया था। वर्ष 1995 में महोबा जिला बनने के बाद कबरई की आबादी दोगुना बढ़ गई। जिससे मांग के सापेक्ष जलापूर्ति नहीं हो सकी। कस्बे के आधा दर्जन वार्डों में वर्षों से पेयजल आपूर्ति ठप है। पेयजल की भीषण समस्या को देखते हुए व्यापारी नेता प्रीतम प्रसाद निगम ने तत्कालीन खनिज राज्य मंत्री सिद्धगोपाल साहू से योजना पुनर्गठन की मांग की थी। वर्ष 2007 से यह योजना जनप्रतिनिधियों की उदासीनता से ठंडे बस्ते में चली गई। 12 वर्ष से लंबित मांग को शासन ने हरी झंडी दे दी है।
विज्ञापन

जल निगम सिविल शाखा के अधिशासी अभियंता जल निगम संदेश सिंह तोमर ने बताया कि नागपुर की मल्टी अर्बन इंफ्रा प्राइवेट लिमिटेड के नाम 16.54 करोड़ के ग्लोबल टेंडर की स्वीकृति दे दी गई है। योजना के तहत कबरई बांध के पास 5 एमएलडी का फिल्टर प्लांट, तीन पानी की टंकी कलशहा बाबा पहाड़ी, चंद्रावल पहाड़ी व कबरई बस्ती अंदर बनेगी। कस्बे में 35 किमी नई पाइप लाइन बिछाई जाएगी। साथ ही 5 किमी राइजिंग मेन लाइन होगी। बांध के अंदर इंटेकवेल भी बनाया जाएगा। सभी काम पूरा करने का लक्ष्य दो वर्ष रखा गया है। जल्द ही कबरई को पेयजल समस्या के मुक्ति दिलाई जाएगी।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed