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Maharajganj News: क्षतिग्रस्त पुल बनवाने के लिए ग्रामीणों का प्रदर्शन
Thu, 06 Mar 2025 01:19 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, महाराजगंज
संवाद न्यूज एजेंसी, महाराजगंज
Updated Thu, 06 Mar 2025 01:19 AM IST
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निचलौल। क्षेत्र के कलनहीं खुर्द गांव से सटे होकर गुजरी छितौनी नाला पर बना पुल जर्जर हो चुका है। इसे बनवाने की शिकायत करने पर संबंधित विभाग के जिम्मेदार ग्रामीणों को केवल आश्वासन दे रहे हैं।
जिम्मेदारों की मनमानी से परेशान ग्रामीण बुधवार को जर्जर पुल के पास पहुंच गए। जहां पर जिम्मेदारों के खिलाफ नारेबाजी करते हुए विरोध प्रदर्शन किया। कुछ देर बाद ग्राम प्रधान के समझाने पर ग्रामीण घर लौट गए।
पुल के पास प्रदर्शन कर रहे ग्रामीण रमेश, शिवपूजन, राजकुमार, झगड़ू, विंदेश्वरी, जोगिंद्र, दिनेश, बंशी, भैरो आदि ने बताया कि गांव के पूरब आबादी से सटे गंडक नदी का छितौनी नाला गुजरा हुआ है। वहीं लोगों के आवागमन के लिए करीब पांच दशक पहले उक्त नाले पर सिंचाई विभाग की ओर से पुल का निर्माण कराया गया था जो कई वर्षों से बदहाल अवस्था में हो चुका है। जहां पुल टेढ़ा होने के कारण अक्सर रेलिंग टूट जाती है। इसके चलते वाहन चालक नाले में गिरकर घायल हो जाते हैं।
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वहीं बरसात के दिनों में बाढ़ का पानी जब उफान मारता है तो नाले का एप्रोच धंस जाता है जो दुर्घटना का सबब बन जाता है। पुल को बनवाने के लिए जिम्मेदारों से कई बार शिकायत की जा चुकी है, लेकिन पुल का हल्का मरम्मत कराकर जल्द पुल बनवाने का आश्वासन देकर भूल जाते हैं।
ग्रामीणों ने नाराजगी जताते हुए कहा कि अब तो पुल से भारी वाहन गुजरने में भी डर सताने लगा है। क्योंकि पुल पर वाहन चढ़ते ही डगमगाने लगता है।
वहीं सिंचाई विभाग के जेई रविन्द्र यादव ने बताया कि नाले पर बने सायफन (पुल) की हालात ठीक है। कुछ दिनों से एक शख्स की ओर से मछली पालने की बात को लेकर ऐसा किया जा रहा है।
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जिम्मेदारों की मनमानी से परेशान ग्रामीण बुधवार को जर्जर पुल के पास पहुंच गए। जहां पर जिम्मेदारों के खिलाफ नारेबाजी करते हुए विरोध प्रदर्शन किया। कुछ देर बाद ग्राम प्रधान के समझाने पर ग्रामीण घर लौट गए।
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पुल के पास प्रदर्शन कर रहे ग्रामीण रमेश, शिवपूजन, राजकुमार, झगड़ू, विंदेश्वरी, जोगिंद्र, दिनेश, बंशी, भैरो आदि ने बताया कि गांव के पूरब आबादी से सटे गंडक नदी का छितौनी नाला गुजरा हुआ है। वहीं लोगों के आवागमन के लिए करीब पांच दशक पहले उक्त नाले पर सिंचाई विभाग की ओर से पुल का निर्माण कराया गया था जो कई वर्षों से बदहाल अवस्था में हो चुका है। जहां पुल टेढ़ा होने के कारण अक्सर रेलिंग टूट जाती है। इसके चलते वाहन चालक नाले में गिरकर घायल हो जाते हैं।
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वहीं बरसात के दिनों में बाढ़ का पानी जब उफान मारता है तो नाले का एप्रोच धंस जाता है जो दुर्घटना का सबब बन जाता है। पुल को बनवाने के लिए जिम्मेदारों से कई बार शिकायत की जा चुकी है, लेकिन पुल का हल्का मरम्मत कराकर जल्द पुल बनवाने का आश्वासन देकर भूल जाते हैं।
ग्रामीणों ने नाराजगी जताते हुए कहा कि अब तो पुल से भारी वाहन गुजरने में भी डर सताने लगा है। क्योंकि पुल पर वाहन चढ़ते ही डगमगाने लगता है।
वहीं सिंचाई विभाग के जेई रविन्द्र यादव ने बताया कि नाले पर बने सायफन (पुल) की हालात ठीक है। कुछ दिनों से एक शख्स की ओर से मछली पालने की बात को लेकर ऐसा किया जा रहा है।