{"_id":"611172778ebc3e751664f3ea","slug":"toilet-work-incomplete-maharajganj-news-gkp405027196","type":"story","status":"publish","title_hn":"शौचालय का काम अधूरा, देखरेख के लिए मिली रकम","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
शौचालय का काम अधूरा, देखरेख के लिए मिली रकम
विज्ञापन
रामपुर चकिया गांव में अधुरा पड़ा शौचालय।
- फोटो : MAHARAJGANJ
शौचालय का काम अधूरा, देखरेख के लिए मिली रकम
परतावल (महराजगंज)। क्षेत्र के ग्राम पंचायतों में पंचायती राज विभाग की ओर से सामुदायिक शौचालयों का निर्माण कराया गया है। उनकी देखरेख के लिए ग्राम पंचायतों में बने स्वयं सहायता समूह को जिम्मेदारी मिली है। ग्राम पंचायत रामपुर चकिया में शौचालय का निर्माण पूरा नहीं हुआ और उसकी सफाई व देखरेख के नाम पर 27000 रुपये स्वयं सहायता समूह को दे दिया गया।
परतावल विकास खंड के ग्राम पंचायत रामपुर चकिया में वित्तीय वर्ष 2020-21 में सामुदायिक शौचालय का निर्माण कराया गया। शौचालय को बाहर से दिखाने के लिए ठीक कर दिया गया है, लेकिन अंदर काम बाकी है। शौचालय में न तो मोटर है और न दरवाजा। यहां तक अंदर रंगाई-पुताई भी नहीं हुआ है। शौचालय में ताला बंद रहता है। इसके बावजूद देखरेख के लिए कमला स्वयं सहायता समूह के खाते में तीन माह का मानदेय 27000 रुपये भेज दिया गया है।
ग्राम प्रधान अंगीरा देवी ने बताया कि सामुदायिक शौचालय अभी अधूरा है। अंदर न तो पानी की व्यवस्था है और न ही दरवाजा लगा है। अंदर रंगाई-पुताई भी नहीं हुई है। निर्माण पूरा कराने के लिए सचिव से बात की गई है। सीडीओ गौरव सिंह सोगरवाल ने बताया कि निर्माणाधीन शौचालयों की सूची तैयार कर जिम्मेदारों को एक सप्ताह के भीतर कार्य पूर्ण कराने के निर्देश दिए गए हैं। निर्माण पूरा होने के बाद देखरेख की जिम्मेदारी समूह की महिलाओं को दी जाएगी।
विज्ञापन
विज्ञापन
परतावल (महराजगंज)। क्षेत्र के ग्राम पंचायतों में पंचायती राज विभाग की ओर से सामुदायिक शौचालयों का निर्माण कराया गया है। उनकी देखरेख के लिए ग्राम पंचायतों में बने स्वयं सहायता समूह को जिम्मेदारी मिली है। ग्राम पंचायत रामपुर चकिया में शौचालय का निर्माण पूरा नहीं हुआ और उसकी सफाई व देखरेख के नाम पर 27000 रुपये स्वयं सहायता समूह को दे दिया गया।
परतावल विकास खंड के ग्राम पंचायत रामपुर चकिया में वित्तीय वर्ष 2020-21 में सामुदायिक शौचालय का निर्माण कराया गया। शौचालय को बाहर से दिखाने के लिए ठीक कर दिया गया है, लेकिन अंदर काम बाकी है। शौचालय में न तो मोटर है और न दरवाजा। यहां तक अंदर रंगाई-पुताई भी नहीं हुआ है। शौचालय में ताला बंद रहता है। इसके बावजूद देखरेख के लिए कमला स्वयं सहायता समूह के खाते में तीन माह का मानदेय 27000 रुपये भेज दिया गया है।
विज्ञापन
ग्राम प्रधान अंगीरा देवी ने बताया कि सामुदायिक शौचालय अभी अधूरा है। अंदर न तो पानी की व्यवस्था है और न ही दरवाजा लगा है। अंदर रंगाई-पुताई भी नहीं हुई है। निर्माण पूरा कराने के लिए सचिव से बात की गई है। सीडीओ गौरव सिंह सोगरवाल ने बताया कि निर्माणाधीन शौचालयों की सूची तैयार कर जिम्मेदारों को एक सप्ताह के भीतर कार्य पूर्ण कराने के निर्देश दिए गए हैं। निर्माण पूरा होने के बाद देखरेख की जिम्मेदारी समूह की महिलाओं को दी जाएगी।
विज्ञापन