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रवि हॉस्पिटल का ऑपरेशन कक्ष सील
अमर उजाला ब्यूरो /महराजगंज
Updated Sat, 26 Dec 2015 12:20 AM IST
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निचलौल। बिना लाइसेंस के संचालित एक निजी अस्पताल में गुरुवार रात एसडीएम व स्वास्थ्य अधीक्षक ने छापेमारी की। छापेमारी के दौरान अस्पताल संचालक और डॉक्टर फरार हो गए। एसडीएम ने ऑपरेशन थियेटर को सील कर संचालक को नोटिस जारी किया है।
निचलौल थाना क्षेत्र के हर्रेडीह मोहल्ले में रवि हॉस्पिटल हरनाटार बिहार के एक चिकित्सक के नाम पर संचालित किया जाता है। जहां गंभीर बीमारियों का ऑपरेशन कम रकम में करने की लालच दी जाती है।
शिकायत पर गुरुवार की रात एसडीएम जितेंद्र कुमार कुशवाहा ने छापेमारी की जहां बढ़या निवासी चम्पा, बरवां रतनपुर की राजमती देवी, मोजरी निवासी मजीबुन निशा, पुरैना की कोईली देवी, ओबरी चैक की रुकमीना, बूढ़ाडीह निवासी गंगोत्री देवी, सिसवां बाजार निवासी रेशमी देवी का ऑपरेशन किया गया था। एक मरीज को छोड़ सभी का गर्भाशय (बच्चेदानी) निकाल दिया गया था।
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मरीजों से एसडीएम ने पूछताछ की तो बताया कि एक पुरुष चिकित्सक के साथ हॉस्पिटल में झाड़ू लगाने वाली महिला ऑपरेशन में साथ देती है। बताया कि 10 हजार रुपये में ऑपरेशन किया जाता है। पश्चिमी चम्पारण बिहार निवासी इन्द्रजीत, मोतीलाल महतो विट्टूू कुमार तीन कर्मी मरीजों की देख भाल करते मिले।
जांच के दौरान अस्पताल का एक कर्मी पंजीयन प्रमाण पत्र दिखाया जो अरविन्द ओजहियां पुत्र बाबूलाल ग्राम मझौवा पोस्ट बकुली पश्चिमी चम्पारण बिहार के नाम एलोपैथी इलाज के लिए सीएमओ द्वारा नवीनीकरण किया गया था। एसडीएम जितेन्द्र कुमार कुशवाहा ने बताया कि अवैधरूप से संचालित अस्पताल की जांच की गयी। संचालक व चिकित्सक मौके से भाग निकले। अस्पताल का ऑपरेशन थियेटर सील कर संचालक को नोटिस जारी कर सीएमओ को रिपोर्ट भेजी गई है।
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निचलौल थाना क्षेत्र के हर्रेडीह मोहल्ले में रवि हॉस्पिटल हरनाटार बिहार के एक चिकित्सक के नाम पर संचालित किया जाता है। जहां गंभीर बीमारियों का ऑपरेशन कम रकम में करने की लालच दी जाती है।
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शिकायत पर गुरुवार की रात एसडीएम जितेंद्र कुमार कुशवाहा ने छापेमारी की जहां बढ़या निवासी चम्पा, बरवां रतनपुर की राजमती देवी, मोजरी निवासी मजीबुन निशा, पुरैना की कोईली देवी, ओबरी चैक की रुकमीना, बूढ़ाडीह निवासी गंगोत्री देवी, सिसवां बाजार निवासी रेशमी देवी का ऑपरेशन किया गया था। एक मरीज को छोड़ सभी का गर्भाशय (बच्चेदानी) निकाल दिया गया था।
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मरीजों से एसडीएम ने पूछताछ की तो बताया कि एक पुरुष चिकित्सक के साथ हॉस्पिटल में झाड़ू लगाने वाली महिला ऑपरेशन में साथ देती है। बताया कि 10 हजार रुपये में ऑपरेशन किया जाता है। पश्चिमी चम्पारण बिहार निवासी इन्द्रजीत, मोतीलाल महतो विट्टूू कुमार तीन कर्मी मरीजों की देख भाल करते मिले।
जांच के दौरान अस्पताल का एक कर्मी पंजीयन प्रमाण पत्र दिखाया जो अरविन्द ओजहियां पुत्र बाबूलाल ग्राम मझौवा पोस्ट बकुली पश्चिमी चम्पारण बिहार के नाम एलोपैथी इलाज के लिए सीएमओ द्वारा नवीनीकरण किया गया था। एसडीएम जितेन्द्र कुमार कुशवाहा ने बताया कि अवैधरूप से संचालित अस्पताल की जांच की गयी। संचालक व चिकित्सक मौके से भाग निकले। अस्पताल का ऑपरेशन थियेटर सील कर संचालक को नोटिस जारी कर सीएमओ को रिपोर्ट भेजी गई है।