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पीएचसी में रात्रि कालीन सेवा नहीं, मरीज परेशान
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प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र लक्ष्मीपुर देउरवा का भवन।
- फोटो : MAHARAJGANJ
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पीएचसी में रात्रि कालीन सेवा नहीं, मरीज परेशान
घुघली (महराजगंज)। लक्ष्मीपुर देउरवा प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र में स्वास्थ्य सुविधाएं बदहाल हैं। ट्यूबेल पंप भवन में कुत्ते बैठते हैं। परिसर में बने आवास में लगी पाइप सांप का बसेरा बन गया है। क्षेत्र में यदि रात में किसी की तबीयत खराब हो जाए तो अस्पताल बंद मिलेगा। ऐसे में मरीजों को झोलाछापा या घुघली सीएचसी पर जाना पड़ता है।
फार्मासिस्ट संजय कुमार उपाध्याय ने बताया कि पीएचसी में प्रसव की व्यवस्था है। माह भर में 6 से 7 गर्भवती का संस्थागत प्रसव एएनएम ने कराया है। टीकाकरण में ड्यूटी के कारण कोई स्टाफ नहीं आया है। डॉक्टर के बारे में पूछे जाने पर फार्मासिस्ट ने बताया कि घुघली स्वास्थ्य केंद्र में इमरजेंसी ड्यूटी लगी है।
पड़ताल में बुधवार को दिन में 11:28 बजे पीएचसी लक्ष्मीपुर देउरवा में फार्मासिस्ट संजय कुमार उपाध्याय मिले। वार्ड ब्वॉय अस्पताल परिसर में चहल कदमी कर रहे थे। दवा काउंटर खुला था, लेकिन कर्मचारी मौजूद नहीं था। पिपरियां निवासी उर्मिला बेंच पर बैठी थीं। उन्होंने बताया कि हल्का बुखार है। इलाज के लिए आई हूं, लेकिन डॉक्टर नहीं आए हैं। उन्होंने बताया कि अस्पताल में पेयजल की व्यवस्था नहीं है। घास-फूस के कारण मरीज भी आने से परहेज करने लगे हैं। सीएचसी अधीक्षक डॉ. अमित विक्रम ने बताया कि डॉक्टर इमरजेंसी ड्यूटी के कारण अस्पताल में नहीं पहुंच पाए हैं। अगर मरीजों को किसी प्रकार की दिक्कत हो रही है तो उसका समाधान तत्काल किया जाएगा। अस्पताल की सुविधाएं ठीक हैं।
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घुघली (महराजगंज)। लक्ष्मीपुर देउरवा प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र में स्वास्थ्य सुविधाएं बदहाल हैं। ट्यूबेल पंप भवन में कुत्ते बैठते हैं। परिसर में बने आवास में लगी पाइप सांप का बसेरा बन गया है। क्षेत्र में यदि रात में किसी की तबीयत खराब हो जाए तो अस्पताल बंद मिलेगा। ऐसे में मरीजों को झोलाछापा या घुघली सीएचसी पर जाना पड़ता है।
फार्मासिस्ट संजय कुमार उपाध्याय ने बताया कि पीएचसी में प्रसव की व्यवस्था है। माह भर में 6 से 7 गर्भवती का संस्थागत प्रसव एएनएम ने कराया है। टीकाकरण में ड्यूटी के कारण कोई स्टाफ नहीं आया है। डॉक्टर के बारे में पूछे जाने पर फार्मासिस्ट ने बताया कि घुघली स्वास्थ्य केंद्र में इमरजेंसी ड्यूटी लगी है।
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पड़ताल में बुधवार को दिन में 11:28 बजे पीएचसी लक्ष्मीपुर देउरवा में फार्मासिस्ट संजय कुमार उपाध्याय मिले। वार्ड ब्वॉय अस्पताल परिसर में चहल कदमी कर रहे थे। दवा काउंटर खुला था, लेकिन कर्मचारी मौजूद नहीं था। पिपरियां निवासी उर्मिला बेंच पर बैठी थीं। उन्होंने बताया कि हल्का बुखार है। इलाज के लिए आई हूं, लेकिन डॉक्टर नहीं आए हैं। उन्होंने बताया कि अस्पताल में पेयजल की व्यवस्था नहीं है। घास-फूस के कारण मरीज भी आने से परहेज करने लगे हैं। सीएचसी अधीक्षक डॉ. अमित विक्रम ने बताया कि डॉक्टर इमरजेंसी ड्यूटी के कारण अस्पताल में नहीं पहुंच पाए हैं। अगर मरीजों को किसी प्रकार की दिक्कत हो रही है तो उसका समाधान तत्काल किया जाएगा। अस्पताल की सुविधाएं ठीक हैं।
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