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Maharajganj News: आभा आईडी बनी तो ऑनलाइन मिल रही रोगियों की पर्ची
Sun, 08 Jun 2025 12:38 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, महाराजगंज
संवाद न्यूज एजेंसी, महाराजगंज
Updated Sun, 08 Jun 2025 12:38 AM IST
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महराजगंज। जिला अस्पताल के बाद अब सदर सीएचसी में भी मरीजों को ऑनलाइन पर्ची मिलने लगी है। इससे लोगों को पंजीकरण कराने के लिए लाइन लगाने की जरूरत नहीं पड़ रही है।
जनपद में आभा आईडी निर्माण प्रक्रिया तेज होने से इसका लाभ भी मरीजों को मिलने लगा है। आभा आईडी बनने से सबसे बड़ा लाभ यह मिला है कि अब किसी भी सरकारी अस्पताल में मरीजों को ओपीडी में दिखाने के लिए पंजीकरण पर्ची नहीं कटवानी पड़ेगी। नाम आभा आईडी नंबर या नाम पता बताकर डिजिटल तरीके की पर्ची मिल रही है।
पहले इसके लिए लाइन लगाकर इंतजार करना पड़ता था, लेकिन आभा आईडी पर उपलब्ध डाटा से उन्हें शीघ्र ट्रैक करने की व्यवस्था आसान हुई है। सदर सीएचसी के अधीक्षक डाॅ. केपी सिह ने बताया कि जिनकी आईडी बन जा रही उनका डाटा विभागीय पोर्टल में संरक्षित हो जा रहा है, जिससे उन्हें अगर चिकित्सक परामर्श लेना है तो पर्ची ऑनलाइन उपलब्ध हो रही है।
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सीएचसी में प्रतिदिन 100-200 मरीज आते हैं। ऑनलाइन व डिजिटल तरीके से पंजीकरण प्रक्रिया शुरू होने से लाइन लगाकर पंजीकरण की जरूरत समाप्त हो गई है। इस व्यवस्था से गंभीर रोगियों को ट्रैक करना भी आसान हुआ है।
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जनपद में आभा आईडी निर्माण प्रक्रिया तेज होने से इसका लाभ भी मरीजों को मिलने लगा है। आभा आईडी बनने से सबसे बड़ा लाभ यह मिला है कि अब किसी भी सरकारी अस्पताल में मरीजों को ओपीडी में दिखाने के लिए पंजीकरण पर्ची नहीं कटवानी पड़ेगी। नाम आभा आईडी नंबर या नाम पता बताकर डिजिटल तरीके की पर्ची मिल रही है।
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पहले इसके लिए लाइन लगाकर इंतजार करना पड़ता था, लेकिन आभा आईडी पर उपलब्ध डाटा से उन्हें शीघ्र ट्रैक करने की व्यवस्था आसान हुई है। सदर सीएचसी के अधीक्षक डाॅ. केपी सिह ने बताया कि जिनकी आईडी बन जा रही उनका डाटा विभागीय पोर्टल में संरक्षित हो जा रहा है, जिससे उन्हें अगर चिकित्सक परामर्श लेना है तो पर्ची ऑनलाइन उपलब्ध हो रही है।
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सीएचसी में प्रतिदिन 100-200 मरीज आते हैं। ऑनलाइन व डिजिटल तरीके से पंजीकरण प्रक्रिया शुरू होने से लाइन लगाकर पंजीकरण की जरूरत समाप्त हो गई है। इस व्यवस्था से गंभीर रोगियों को ट्रैक करना भी आसान हुआ है।