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तबाह नाथनगर को देखने नहीं गए अफसर
ब्यूरो/अमर उजाला, महराजगंज
Updated Sun, 10 Apr 2016 12:26 AM IST
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शनिवार को धू धू कर जला सिसवा का गांव।
नाथनगर गांव तबाह होने की सूचना मिलने के बाद भी देर शाम तक मौके पर तहसीलदार सदर, हल्का लेखपाल के अलावा कोई पुलिस या प्रशासन का बड़ा अफसर नहीं पहुंचा। इससे लोगों में रोष है।
यहां मुहम्मद हुसैन, हफिजुल्लाह, तासे, इकबाल, झनंन, बेनी, छोटू, सदानन्द, जंगली, जयराम, अजयकुमार, रजा, रज्जाक, साहेब, जान मोहम्मद, महमूद, साधू, हसरत, तैस, हारून, जलाऊ, अमोला, सुरेन्द्र, स्याम लाल सहित तीन सौ लोगों के खपरैल व छप्पर के घर पूरी तरह से जल गए हैं। आग से झुलसे मुस्ताक अहमद (56), हसीबुल्लाह (35), कादिर आलम (28), विन्द्रावती देवी (35), पारस (40), अमरजीत (14) को परिजनों एवं रिश्तेदारों ने अस्पताल में भर्ती कराया है। डीएम वीरेंद्र कुमार सिंह व प्रभारी सीडीओ ने बताया कि जिला अस्पताल में करीब 12 अतिरिक्त डॉक्टरों को लगाया गया है।
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यहां मुहम्मद हुसैन, हफिजुल्लाह, तासे, इकबाल, झनंन, बेनी, छोटू, सदानन्द, जंगली, जयराम, अजयकुमार, रजा, रज्जाक, साहेब, जान मोहम्मद, महमूद, साधू, हसरत, तैस, हारून, जलाऊ, अमोला, सुरेन्द्र, स्याम लाल सहित तीन सौ लोगों के खपरैल व छप्पर के घर पूरी तरह से जल गए हैं। आग से झुलसे मुस्ताक अहमद (56), हसीबुल्लाह (35), कादिर आलम (28), विन्द्रावती देवी (35), पारस (40), अमरजीत (14) को परिजनों एवं रिश्तेदारों ने अस्पताल में भर्ती कराया है। डीएम वीरेंद्र कुमार सिंह व प्रभारी सीडीओ ने बताया कि जिला अस्पताल में करीब 12 अतिरिक्त डॉक्टरों को लगाया गया है।
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