{"_id":"5bd366cebdec2269c544b44a","slug":"141540581070-maharajganj-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"सात साल की सजा काटने जेल में आई महिला की मौत","category":{"title":"Crime","title_hn":"क्राइम ","slug":"crime"}}
सात साल की सजा काटने जेल में आई महिला की मौत
Updated Sat, 27 Oct 2018 12:41 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
सजा काटने जेल पहुंची महिला की मौत
सात साल की सजा सुनाई गई थी
गड़ौरा की रहने वाली थी वृद्ध महिला, पति व बेटा भी जेल में बंद हैं
अमर उजाला ब्यूरो
महराजगंज। दहेज हत्या के मामले में तीन दिन पहले पति व बेटे के साथ जेल में पहुंची महिला हारमती की शुक्रवार को सुबह करीब पांच बजे मौत हो गई। मजिस्ट्रेट की निगरानी में जेल के अंदर पंचनामा तैयार किया गया। इस दौरान महिला के परिजनों को भी जेल में बुलाया गया।
महिला ठूठीबारी कोतवाली क्षेत्र के गड़ौरा गांव की रहने वाली थी। 25 साल पहले दहेज हत्या के मामले में कोर्ट की तरफ से महिला हारमती, उसके पति नंदलाल व पुत्र सुदामा को सात साल की सजा सुनाई गई थी। इस निर्णय के मद्देनजर वृद्ध महिला के साथ-साथ उसके पति व बेटे को गिरफ्तार कर कोर्ट में पेश किया गया था। जिसके बाद तीनों को जेल भेज दिया गया था। परिजनों ने बताया कि 25 साल पहले महिला हारमती के पुत्र गणेश की शादी निचलौल क्षेत्र के हरदी गांव में हुई थी। गणेश की पत्नी की मौत के बाद ससुराल पक्ष ने ठूठीबारी कोतवाली में केस दर्ज कराया था। पच्चीस साल तक चले इस मुकदमे में सात साल की सजा होने के बाद विवाहिता के सास, ससुर व पति को पुलिस ने गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था। इस बात का अंदेशा जताया जा रहा है कि वृद्ध महिला हारमती की सदमे से मौत हुई है। पुलिस कस्टडी में मौत के चलते महिला बंदी के शव का पोस्टमार्टम कराने के लिए मेडिकल बोर्ड का गठन किया था। जिसके बाद जिला संयुक्त अस्पताल के पोस्टमार्टम हाउस में अन्त्य परीक्षण कराया गया।
कोतवाल रामदवन मौर्य ने बताया कि जेल में हारमती नाम की महिला बंदी की मौत होने की सूचना पर मजिस्ट्रेट की निगरानी में पंचनामा तैयार कर शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया। पोस्टमार्टम के बाद शव को परिजनों को सुपुर्द कर दिया गया। प्रकरण में न्यायिक प्रक्रिया के तहत कार्रवाई की जा रही है।
विज्ञापन
विज्ञापन
सात साल की सजा सुनाई गई थी
गड़ौरा की रहने वाली थी वृद्ध महिला, पति व बेटा भी जेल में बंद हैं
अमर उजाला ब्यूरो
महराजगंज। दहेज हत्या के मामले में तीन दिन पहले पति व बेटे के साथ जेल में पहुंची महिला हारमती की शुक्रवार को सुबह करीब पांच बजे मौत हो गई। मजिस्ट्रेट की निगरानी में जेल के अंदर पंचनामा तैयार किया गया। इस दौरान महिला के परिजनों को भी जेल में बुलाया गया।
महिला ठूठीबारी कोतवाली क्षेत्र के गड़ौरा गांव की रहने वाली थी। 25 साल पहले दहेज हत्या के मामले में कोर्ट की तरफ से महिला हारमती, उसके पति नंदलाल व पुत्र सुदामा को सात साल की सजा सुनाई गई थी। इस निर्णय के मद्देनजर वृद्ध महिला के साथ-साथ उसके पति व बेटे को गिरफ्तार कर कोर्ट में पेश किया गया था। जिसके बाद तीनों को जेल भेज दिया गया था। परिजनों ने बताया कि 25 साल पहले महिला हारमती के पुत्र गणेश की शादी निचलौल क्षेत्र के हरदी गांव में हुई थी। गणेश की पत्नी की मौत के बाद ससुराल पक्ष ने ठूठीबारी कोतवाली में केस दर्ज कराया था। पच्चीस साल तक चले इस मुकदमे में सात साल की सजा होने के बाद विवाहिता के सास, ससुर व पति को पुलिस ने गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था। इस बात का अंदेशा जताया जा रहा है कि वृद्ध महिला हारमती की सदमे से मौत हुई है। पुलिस कस्टडी में मौत के चलते महिला बंदी के शव का पोस्टमार्टम कराने के लिए मेडिकल बोर्ड का गठन किया था। जिसके बाद जिला संयुक्त अस्पताल के पोस्टमार्टम हाउस में अन्त्य परीक्षण कराया गया।
विज्ञापन
कोतवाल रामदवन मौर्य ने बताया कि जेल में हारमती नाम की महिला बंदी की मौत होने की सूचना पर मजिस्ट्रेट की निगरानी में पंचनामा तैयार कर शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया। पोस्टमार्टम के बाद शव को परिजनों को सुपुर्द कर दिया गया। प्रकरण में न्यायिक प्रक्रिया के तहत कार्रवाई की जा रही है।
विज्ञापन