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एक्सपायर दवा के प्रयोग पर हंगामा
ब्यूरो/अमर उजाला महराजगंज
Updated Wed, 20 Jul 2016 11:09 PM IST
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दवा।
- फोटो : अमर उजाला
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सिसवा बाजार प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र पर मंगलवार की रात चिकित्सक के एक्सपायर दवा प्रयोग करने के बाद भड़के परिजनों ने जमकर हंगामा किया और चिकित्सक के खिलाफ नारेबाजी की। मामला बिगड़ता देख चिकित्सक वहां से भाग निकले। परिजनों ने मुख्य चिकित्साधिकारी सहित विभाग के आला अधिकारियों को पत्र लिखकर चिकित्सक के खिलाफ कार्रवाही की मांग की।
कोठीभार थानाक्षेत्र के ग्राम सभा बेलभरियां निवासी हरिओम मिश्रा की 20 माह की घायल पोती गुनगुन को लेकर मंगलवार की रात 11 बजे प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र पर पहुंचे और अपने कमरे पर मौजूद डॉ पवन सिंह को घायल गुनगुन के इलाज के लिए बुलाया। डॉक्टर ने बिना एक्सपायरी चेक किये गुनगुन के जख्म पर दवा लगा दी। दवा की शीशी पर जब हरिओम मिश्रा की नजर पड़ी तो देखा कि दवा मई महीने में ही एक्स्पायर हो चुकी थी।
इसके बाद हरिओम मिश्रा व उनके साथ आये सुनील सिंह, गुड्डू सिंह, संजय जायसवाल, विश्वनाथ जायसवाल व कैलाश जायसवाल हंगामा करने लगे। मामला बिगड़ता देख डॉक्टर पवन सिंह वहां से खिसक अपने आवास पर भाग खड़े हुए।
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इसी बीच गश्त कर रहे सिसवा चौकी प्रभारी सतीश सिंह अपने हमराहियों संग हॉस्पिटल पर पहुंच गए और मामले को समझाकर शांत कराया। डॉक्टर पवन सिंह ने बताया कि प्रयोग की गई दवा एक्सपायर थी। बच्ची को घाव अधिक था मौंके पर दूसरी दवा नहीं थी इसलिए मजबूरी में वह दवा प्रयोग की गई।
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कोठीभार थानाक्षेत्र के ग्राम सभा बेलभरियां निवासी हरिओम मिश्रा की 20 माह की घायल पोती गुनगुन को लेकर मंगलवार की रात 11 बजे प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र पर पहुंचे और अपने कमरे पर मौजूद डॉ पवन सिंह को घायल गुनगुन के इलाज के लिए बुलाया। डॉक्टर ने बिना एक्सपायरी चेक किये गुनगुन के जख्म पर दवा लगा दी। दवा की शीशी पर जब हरिओम मिश्रा की नजर पड़ी तो देखा कि दवा मई महीने में ही एक्स्पायर हो चुकी थी।
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इसके बाद हरिओम मिश्रा व उनके साथ आये सुनील सिंह, गुड्डू सिंह, संजय जायसवाल, विश्वनाथ जायसवाल व कैलाश जायसवाल हंगामा करने लगे। मामला बिगड़ता देख डॉक्टर पवन सिंह वहां से खिसक अपने आवास पर भाग खड़े हुए।
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इसी बीच गश्त कर रहे सिसवा चौकी प्रभारी सतीश सिंह अपने हमराहियों संग हॉस्पिटल पर पहुंच गए और मामले को समझाकर शांत कराया। डॉक्टर पवन सिंह ने बताया कि प्रयोग की गई दवा एक्सपायर थी। बच्ची को घाव अधिक था मौंके पर दूसरी दवा नहीं थी इसलिए मजबूरी में वह दवा प्रयोग की गई।