फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Maharajganj News ›   atirikt kaaryakram adhikaaree kee seva samaapt

अतिरिक्त कार्यक्रम अधिकारी की सेवा समाप्त

Sat, 29 May 2021 11:22 PM IST
Gorakhpur Bureau गोरखपुर ब्यूरो
Updated Sat, 29 May 2021 11:22 PM IST
विज्ञापन
atirikt kaaryakram adhikaaree kee seva samaapt
अतिरिक्त कार्यक्रम अधिकारी की सेवा समाप्त
विज्ञापन

बिना काम कराए मरेगा से भुगतान कराने का मामला गरमाया
महराजगंज। परतावल ब्लॉक में बिना काम किए मनरेगा से भुगतान का मामला प्रकाश में आने के बाद आरोपियों की मुश्किल बढ़ गई है। प्रशासन के बाद अब वन विभाग ने भी आरोपितों के खिलाफ केस दर्ज कराया है। विभागीय कार्रवाई की भी कवायद चल रही है। उधर, डीएम डॉ. उज्ज्वल कुमार ने परतावल ब्लॉक के अतिरिक्त कार्यक्रम अधिकारी विनय कुमार मौर्य सेवा समाप्त कर दी है। वह मनरेगा में फर्जीवाड़ा के मामले के आरोपित हैं।
मनरेगा योजना के तहत परतावल ब्लॉक के बरियरवा गांव में पोखरी के सुंदरीकरण के नाम पर 25 लाख 87 हजार 820 रुपये का फर्जी भुगतान कराने का मामला सामने आया है। वास्तविक में वहां कोई कार्य हुआ ही नहीं है। मामला प्रकाश में आने के बाद शुक्रवार को बीडीओ ने छह लोगों के खिलाफ केस दर्ज करा दिया, वहीं पकड़ी के एसडीओ ने भी विभाग के तीन लोगों पर मुकदमा दर्ज कराया है। मुकदमा दर्ज होने के बाद विकास व वन विभाग अपने स्तर से विभागीय कार्रवाई में जुटा हुआ है। माना जा रहा है कि जल्द ही आरोपितों पर विभागीय स्तर से कार्रवाई भी होगी। डीएफओ पुष्प कुमार के ने बताया कि जिन विभागीय लोगों का नाम मामले में आया है, उनके विरुद्ध केस दर्ज कराया गया है। तीनों कर्मियों की भूमिका की जांच कराई जाएगी। सीडीओ गौरव सिंह सोगरवाल ने बताया कि फर्जी भुगतान मामले में मनरेगा से जुड़े कर्मियों के विरुद्ध भी कड़ी कार्रवाई होगी।
विज्ञापन

सोहगीबरवा प्रभाग की आईडी, गोरखपुर प्रभाग में काम
फर्जीवाड़ा करने वाले शातिरों ने न सिर्फ धन का गबन किया, बल्कि चालाकी भी दिखाई। परतावल ब्लॉक के जिस स्थल पर कार्य के नाम पर भुगतान की बात कही जा रही है वह गोरखपुर वन प्रभाग में है। जबकि उसके भुगतान के लिए सोहगीबरवा के वन विभाग की आईडी का प्रयोग किसर गया। आईडी का प्रयोग कब, किसने व कैसे किया यह जांच के बाद ही पता चल सकेगा।
विज्ञापन
विज्ञापन

क्या है मामला
परतावल ब्लॉक के बरियरवा गांव में वर्ष 2018-19 में मनरेगा के तहत पोखरी का सुंदरीकरण कराया जाना स्वीकृत किया गया। गांव के विवाद में काम फंस गया। इसके बाद एपीओ, ठेकेदार और वन विभाग के कर्मचारियों पर मिलकर गलत तरीके से भुगतान कराने की बात सामने आई। मामले के सामने आने के बाद विकास व वन विभाग दोनों में खलबली मची हुई है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed