फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Maharajganj News ›   After the discovery of a large quantity of firecrackers in Nautanwa, two seizures were made in Bhairahawa, Nepal.

Maharajganj News: दिवाली से पहले नेपाल सीमा पर बढ़ी पटाखों की तस्करी, लगातार बरामदगी से खुल रही पोल

Mon, 12 Oct 2026 02:20 AM IST
Gorakhpur Bureau गोरखपुर ब्यूरो
Updated Mon, 12 Oct 2026 02:20 AM IST
विज्ञापन
After the discovery of a large quantity of firecrackers in Nautanwa, two seizures were made in Bhairahawa, Nepal.
सोनौली। दिवाली समेत आगामी त्योहारों की आहट के साथ ही भारत-नेपाल की सोनौली सीमा पर पटाखों की तस्करी का मामला सामने आने लगा है। नेपाल में पटाखों पर प्रतिबंध के बावजूद त्योहारों के दौरान इनकी मांग बढ़ने से अवैध कारोबार को बढ़ावा मिल रहा है।
विज्ञापन

बीते दिनों नौतनवा स्थित एक परिवहन प्रतिष्ठान से भारी मात्रा में पटाखों की बरामदगी के बाद सीमावर्ती नेपाल के भैरहवा में भी दो बार पटाखे पकड़े जा चुके हैं। साथ ही इसमें चार लोग गिरफ्तार भी हुए हैं। लगातार हो रही बरामदगी से सीमा पार पटाखों के अवैध कारोबार का मामला एक बार फिर चर्चा में आ गया है।
विज्ञापन

भारत-नेपाल की खुली सीमा पर सामान्य दिनों में भी विभिन्न सामान की तस्करी के मामले सामने आते रहते हैं लेकिन त्योहारों के नजदीक आते ही मांग के अनुसार तस्करी का स्वरूप भी बदलने लगता है। दिवाली को देखते हुए इस समय पटाखे, अवैध कारोबार से जुड़े लोगों के लिए मुनाफे का जरिया बन रहे हैं। नेपाल में प्रतिबंध के कारण चोरी-छिपे पहुंचाए जाने वाले पटाखों की कीमत भारतीय बाजार के मुकाबले तीन से चार गुना तक अधिक होने की बात कही जा रही है। इसी मुनाफे की लालच में तस्करी की गतिविधियां बढ़ने की आशंका जताई जा रही है।
विज्ञापन
विज्ञापन

सीमावर्ती क्षेत्र में सोनौली के मुख्य नाके के अलावा कई ग्रामीण और पगडंडी मार्ग हैं। इन रास्तों का इस्तेमाल पूर्व में भी अवैध सामान की आवाजाही के लिए होता रहा है। आशंका है कि पटाखों की खेप भी सुरक्षा एजेंसियों की नजरों से बचाकर ऐसे रास्तों से नेपाल पहुंचाई जा रही है।
बीते दिनों नौतनवा के एक परिवहन प्रतिष्ठान से भारी मात्रा में पटाखों की बरामदगी हुई थी। इसके बाद नेपाल के भैरहवा क्षेत्र में दो अलग-अलग मौकों पर पटाखे पकड़े जाने से सीमावर्ती क्षेत्र में अवैध कारोबार को लेकर सवाल उठने लगे हैं। इन घटनाओं ने त्योहार से पहले पटाखों की आपूर्ति और सीमा पार पहुंचने वाले अवैध सामान की निगरानी की जरूरत को भी सामने ला दिया है।


मुनाफे का लालच, खुली सीमा बनी चुनौती
भारत और नेपाल के बीच रोटी-बेटी के संबंधों के चलते सीमावर्ती क्षेत्रों में लोगों की आवाजाही बनी रहती है। दोनों देशों के बीच खुली सीमा और ग्रामीण संपर्क मार्गों की अधिकता सुरक्षा एजेंसियों के लिए निगरानी मामले में चुनौती भी है। मुख्य नाके पर जांच की व्यवस्था होने के बावजूद दूरदराज के रास्तों से अवैध सामान की आवाजाही रोकना आसान नहीं है। दिवाली नजदीक आने के साथ पटाखों की बढ़ती मांग और लगातार हो रही बरामदगी को देखते हुए सीमावर्ती पगडंडियों, मालवाहक वाहनों और संदिग्ध भंडारण स्थलों पर निगरानी महत्वपूर्ण हो गई है।

बोले अधिकारीसीमावर्ती क्षेत्र की पगडंडियों पर विशेष निगरानी करने के निर्देश दिए गए हैं। त्योहारों के दौरान तस्करी रोकने को लेकर पुलिस तत्पर है।
बसंत कुमार सिहं, सीओ, नौतनवा
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article