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लावारिस गोवंशो के लिए जिले में बनाया जाएगा संरक्षण केंद्र
Updated Sun, 08 Jul 2018 11:36 PM IST
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गोवंश्ी पशुओं के लिए बनेगा संरक्षण केंद्र
लावारिस गोवंशो के लिए जिले में बनाया जाएगा संरक्षण केंद्र
जिले को मिलेगा एक करोड़ 20 लाख का बजट, 50 लाख की पहली किस्त मिलेगी
अमर उजाला ब्यूरो
महराजगंज। लावारिस गोवंशी पशुओं के लिए शासन से प्रदेश के 68 जनपदों में वृहद गो संरक्षण केंद्रों की स्थापना की वित्तीय स्वीकृति मिल गई है। इनसे महराजगंज भी शामिल है। केंद्र की स्थापना के लिए चयनित जनपदों को एक करोड़ 20 लाख रुपये मंजूर किए गए हैं। पहली किस्त के रूप में 50 लाख दिए जाएंगे। राज्य आकस्मिक निधि के जरिए यह धनराशि मंजूर कर दी गई है। इस संबंध में डीएम को निर्देशित भी किया गया है।
मुख्य पशु चिकित्साधिकारी डॉ. राजीव उपायाध्य ने बताया कि शासन की ओर से निर्धारित मापदंड के अनुसार अलग-अलग चार गोवंश पशुओं के लिए शेड बनाए जाएंगे। इनका कुल क्षेत्रफल 14 हजार वर्ग फीट होगा। दो हजार वर्ग मीटर में दो भूसा गोदाम, कार्यालय, औषधि कक्ष, स्टोर छह कर्मचारियों के लिए आवास, चारा-पानी के लिए चार चरहियां आदि का निर्माण किया जाएगा। शासन के प्रमुख सचिव डॉ. सुधीर एम बोबडे ने निदेशक, प्रशासन एवं विकास पशुपालन विभाग के अलावा जिलेे के डीएम को भी शासनादेश की प्रति भेजी है। उन्होंने बताया कि गोवंशी पशुओं के संरक्षण के लिए शासनादेश मिल गाया है। पहली किश्त के रूप में 50 लाख मिलेगा। केंद्र की स्थापना के लिए डीएम की अध्यक्षता में बैठक होगी। इसमें स्थान चयन के लिए निर्णय लिया जाएगा। शासनादेश के अनुसार स्वीकृत की गई धनराशी को आहरण, व्यय करने से पहले निर्माण के लिए भूभि का निर्विवाद होना देखा जाएगा। निर्माण निर्धारित मानकों के अनुसार करया जाए। गुणवत्ता भी उच्च कोटी की होगी।
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इस वित्तीय वर्ष में काम होना है पूरा
शासनादेश के अनुसार यदि गो संरक्षण केंद्र स्थापना के लिए एक करोड़ 20 लाख से अधिक की धनराशि की आवश्यकता पडे़गी तो इसकी व्यवस्था डीएम मनरेगा, ग्राम पंचायत संचित निधि, वित्त आयोग, खनिज विकास निधि, जिला पंचायत निधि, क्षेत्र पंचायत निधि, सांसद क्षेत्र विकास निधि, विधायक क्षेत्र विकास निधि से कराएंगे।
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लावारिस गोवंशो के लिए जिले में बनाया जाएगा संरक्षण केंद्र
जिले को मिलेगा एक करोड़ 20 लाख का बजट, 50 लाख की पहली किस्त मिलेगी
अमर उजाला ब्यूरो
महराजगंज। लावारिस गोवंशी पशुओं के लिए शासन से प्रदेश के 68 जनपदों में वृहद गो संरक्षण केंद्रों की स्थापना की वित्तीय स्वीकृति मिल गई है। इनसे महराजगंज भी शामिल है। केंद्र की स्थापना के लिए चयनित जनपदों को एक करोड़ 20 लाख रुपये मंजूर किए गए हैं। पहली किस्त के रूप में 50 लाख दिए जाएंगे। राज्य आकस्मिक निधि के जरिए यह धनराशि मंजूर कर दी गई है। इस संबंध में डीएम को निर्देशित भी किया गया है।
मुख्य पशु चिकित्साधिकारी डॉ. राजीव उपायाध्य ने बताया कि शासन की ओर से निर्धारित मापदंड के अनुसार अलग-अलग चार गोवंश पशुओं के लिए शेड बनाए जाएंगे। इनका कुल क्षेत्रफल 14 हजार वर्ग फीट होगा। दो हजार वर्ग मीटर में दो भूसा गोदाम, कार्यालय, औषधि कक्ष, स्टोर छह कर्मचारियों के लिए आवास, चारा-पानी के लिए चार चरहियां आदि का निर्माण किया जाएगा। शासन के प्रमुख सचिव डॉ. सुधीर एम बोबडे ने निदेशक, प्रशासन एवं विकास पशुपालन विभाग के अलावा जिलेे के डीएम को भी शासनादेश की प्रति भेजी है। उन्होंने बताया कि गोवंशी पशुओं के संरक्षण के लिए शासनादेश मिल गाया है। पहली किश्त के रूप में 50 लाख मिलेगा। केंद्र की स्थापना के लिए डीएम की अध्यक्षता में बैठक होगी। इसमें स्थान चयन के लिए निर्णय लिया जाएगा। शासनादेश के अनुसार स्वीकृत की गई धनराशी को आहरण, व्यय करने से पहले निर्माण के लिए भूभि का निर्विवाद होना देखा जाएगा। निर्माण निर्धारित मानकों के अनुसार करया जाए। गुणवत्ता भी उच्च कोटी की होगी।
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इस वित्तीय वर्ष में काम होना है पूरा
शासनादेश के अनुसार यदि गो संरक्षण केंद्र स्थापना के लिए एक करोड़ 20 लाख से अधिक की धनराशि की आवश्यकता पडे़गी तो इसकी व्यवस्था डीएम मनरेगा, ग्राम पंचायत संचित निधि, वित्त आयोग, खनिज विकास निधि, जिला पंचायत निधि, क्षेत्र पंचायत निधि, सांसद क्षेत्र विकास निधि, विधायक क्षेत्र विकास निधि से कराएंगे।
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